फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Udham Singh Nagar News: राधेहरि कॉलेज की प्राचार्य पर वित्तीय गड़बड़ी का आरोप

Sun, 28 Dec 2025 12:48 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
विज्ञापन
विज्ञापन
काशीपुर। वित्तीय गड़बड़ियों के लिए राधेहरि राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। एबीवीपी सदस्यों ने प्राचार्य पर वित्तीय अनियमितताएं का आरोप लगाकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से शिकायत की है। उच्च शिक्षा विभाग ने मामले में तीन सदस्य समिति गठित कर दी है। सीमिति शीघ्र ही कॉलेज पहुंचकर मामले की जांच करेगी।
विज्ञापन

दो महीने पूर्व एबीवीपी ने सीएम धामी को संबोधित शिकायती पत्र उच्च शिक्षा विभाग में सौंपा। इसमें उन्होंने राधेहरि पीजी कॉलेज की प्राचार्य डॉ. सुमिता श्रीवास्तव पर महाविद्यालय में निर्माण कार्य समेत विभिन्न मदों में वित्तीय गड़बड़ी करने का आरोप लगाया है।
इसको लेकर डीएम, विधायक और शिक्षामंत्री को भी ज्ञापन सौंपा लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई है। हाल ही में छात्रसंघ चुनाव में महाविद्यालय प्रशासन ने गड़बड़ी की है। सीसीटीवी कैमरे की डीवीआर भी उपलब्ध नहीं कराई गई है।
विज्ञापन

उन्होंने प्राचार्य पर छात्र-छात्राओं के साथ दुर्व्यवहार, तानाशाही और भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाकर उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। इसका संज्ञान लेकर प्रभारी निदेशक, उच्च शिक्षा हल्द्वानी ने तीन सदस्यीय समिति गठित कर जांच करके एक सप्ताह में आख्या उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।

ये हैं समिति सदस्य
राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय लोहाघाट चंपावत की प्राचार्य डॉ. संगीता गुप्ता, राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय रामनगर प्राचार्य डॉ. एमसी पांडे, राजकीय महाविद्यालय किच्छा के प्राचार्य डॉ. राजीव रतन शामिल हैं।

पूर्व में वित्तीय गड़बड़ी को लेकर सुर्खियों में रहा कॉलेज
24 अप्रैल 2024 को काजीबाग निवासी अली अनवर ने सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत टैबलेट की गुणवत्ता में लापरवाही, छात्रसंख्या में गड़बड़ियां और शासनादेशों की अवहेलना प्रतीत होने के मामले में उच्च शिक्षा विभाग से शिकायत की थी। मामले में प्राचार्य ने तीन सदस्यीय समिति गठित की थी। इसमें समिति को वित्तीय गड़बड़ी मिली थी। बाद में शासन ने कोटाबाग कॉलेज, रामनगर, किच्छा कॉलेज के प्राचार्यों की समिति जांच के लिए गठित की। इस समिति को जांच में कुछ खास नहीं मिला था। संतुष्टि नहीं होने पर शिकायतकर्ता ने राज्यपाल से शिकायत की है।

प्राचार्य हो चुके हैं निलंबित
सत्र 2017-18 में भी कॉलेज के प्राचार्य पर महाविद्यालय में विभिन्न कार्यों का भुगतान कॉशनमनी से करने, फर्जी बिल बनवाने, एमआरपी से अधिक मूल्यों पर पुस्तकों की खरीद फरोख्त करने समेत कई कार्य अपने स्तर से कर दिए थे। मामला पकड़ में आने निदेशालय ने जांच बैठा दी थी। जांच समिति को आरोप सही पाए जाने पर शासन ने तत्कालीन प्राचार्य को निलंबित कर दिया था। इसके बाद तत्कालीन प्राचार्य से रिकवरी हो चुकी है। करीब पांच तक यह मामला चला।
विज्ञापन


एबीवीपी के सदस्यों ने राधेहरि पीजी कॉलेज के प्राचार्य पर वित्तीय गड़बड़ी का आरोप लगाया था। इस मामले में कार्रवाई की जा रही है।
- डॉ. वीएन खाली, निदेशक, उच्च शिक्षा, हल्द्वानी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें