स्वास्थ्य विभाग की पीएनडीटी टीम ने दो प्राइवेट अस्पतालों में छापे मारी कर अल्ट्रासाउंड मशीनों को चेक किया। साथ ही चिकित्सकों के जरूरी कागजात भी चेक किए। टीम ने एक प्राइवेट अस्पताल की पुरानी अल्ट्रासाउंड मशीन को भी सील किया गया।
इसके अलावा टीम की ओर से एक और अन्य प्राइवेट अस्पताल में बिना पंजीयन के अल्ट्रासाउंड मशीन चलाने की शिकायत पर भी छापे मारी की। लेकिन जांच के बाद शिकायत निराधार पाई गई। टीम ने डाक्टर को एक माह के भीतर कागजात पूरे करने को कहा है। टीम अपने साथ सेंपल की दवा और डाक्टर की डिग्रियों की छाया प्रतियां अपने साथ ले गई। टीम की ओर से नगर में की गई छापा मारी से डाक्टरों में हड़कंप मच गया।
डीएम के निर्देश पर एसडीएम एचएस मर्तोलिया, चिकित्सा अधीक्षक डा.संजय सिंह और गर्भधारण पूर्व और प्रसव पूर्व निदान तकनीक के जिला समन्वयक प्रदीप मेहर, एनजीओ मेंबर सरोज ठाकुर, अधिशासी सहायक गोपाल आर्या ने नगर के ठाकुरद्वारा चुंगी स्थित संजीवनी अस्पताल में छापा मारकर अस्पताल का निरीक्षण किया। टीम ने अल्ट्रासाउंड मशीन के बारे में डाक्टरों से पूछताछ की। लेकिन अस्पताल में मशीन नहीं मिली।
टीम ने गर्भवती महिलाओं के रजिस्टर, कागजात, दवाई आदि देखी। जिला समन्वयक प्रदीप मेहर ने बताया कि अस्पताल में बिना पंजीयन के अल्ट्रासाउंड मशीन चलाने और अवैध गर्भपात करने की शिकायत एसएसपी से की गई थी। डीएम के आदेश पर टीम ने छापा मारा। मेहर ने बताया कि अल्ट्रासाउंड चलाने की शिकायत निराधार पाई है। उन्होंने बताया कि जांच में डाक्टर अपनी डिग्री के प्रोविजनल के आधार पर प्रेक्टिस करता पाया गया है।