खटीमा। नहर में नहाने गए बच्चे को मगरमच्छ ने शिकार बना लिया। मौके पर पहुंची पुलिस, वन विभाग और ग्रामीणों ने नहर में देर शाम तक बच्चे की खोज की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला।
एसडीएम ऋचा सिंह और वन क्षेत्राधिकारी यूडी कांडपाल ने घटनास्थल का जायजा लिया और पीड़ित परिवार से जानकारी ली।
मझोला के हल्दी घेरा गांव से लगे सुरई वन रेंज की गुज्जर बस्ती निवासी अब्दुल रहीम का पुत्र तस्लीम (10) सोमवार सुबह करीब 11:30 बजे ही स्कूल से वापस आ गया।
इसके बाद वह रोज की तरह अपने घर के पास ही बहती देवहा पोषक नहर में साथी बच्चों रजिया, आरिफ, रेशमा और इरफान के साथ नहाने के लिए चला गया।
चार बच्चे तो नहाकर नहर से बाहर निकल आए तस्लीम पीछे था। पीछे आ रहे तस्लीम का पैर मगरमच्छ ने पकड़ लिया और उसे नहर में खींचकर ले जाने लगा। इससे पहले कि साथी बच्चे कुछ समझ पाते तस्लीम आंखों से ओझल हो गया। अन्य बच्चों ने घटना की सूचना तत्काल तस्लीम के परिजनों को दी।
खबर मिलते ही पूरा गांव मौके पर पहुंच गया और बच्चे की खोज शुरू कर दी, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। सूचना पर पहुंची एसडीएम सिंह ने पुलिस को गोताखोर दल को बुलाकर बच्चे की तलाश करने को कहा। देर शाम समाचार लिखे जाने तक गोताखोर टीम मौके पर नहीं पहुंची थी।
ग्रामीण नहर के किनारों पर जमे हुए थे। क्षेत्र में मगरमच्छ बहुतायत में पाए जाते हैं, लेकिन यह पहला मौका है जब मगरमच्छ का एक बच्चे को खींचकर ले गया। इससे पूर्व भी उलधन गांव में मछली मारने गए एक युवक पर मगरमच्छ हमला हो चुका है।