काशीपुर में पीसीबी के अधिकारियों के निरीक्षण में बिखरा पड़ा मिला कचरा।
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ई-कचरा गलाने के लिए महुआखेड़ागंज में ट्रक मंगाए जाने के मामले को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीसीबी) के अधिकारियों ने गंभीरता से लिया है। सोमवार को पीसीबी के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर छापा मारा। इस पर खाली भूखंडों में स्क्रैप जला रहे लोग वहां से भाग खड़े हुए। ई-कचरा जलाने वालों के खिलाफ पीसीबी धारा 133 के तहत संयुक्त मजिस्ट्रेट को रिपोर्ट भेजेगी।
रविवार को महुआखेड़ागंज के अहरपुरा क्षेत्र में कई लोगों ने मुरादाबाद क्षेत्र से मंगाए गए ई-कचरे के ट्रक को रोककर हंगामा किया था। उनका कहना था कि कुछ लोग मोटा मुनाफा कमाने के लालच में बाहर से इलेक्ट्रॉनिक्स कास्क्रैप मंगाकर उसमें से कीमती धातु निकालने के लिए उसे खुले स्थानों पर जलाते हैं।
उसके बाद वह पानी डालकर आग को ठंडा करते हैं। ई-कचरा जलाने के लिए उन्होंने अहरपुरा में करीब दर्जन भर प्लॉट किराये पर ले रखे हैं, जहां ई-कचरा जलाकर उसमें से तांबा, पीतल व अन्य धातु निकाली जाती है। खुले में ई-कचरा जलाने से प्रदूषण फैल रहा है।
इस शिकायत पर सोमवार को पीसीबी के अनुश्रवण सहायक मानवेंद्र राणा और एई राकेश कंडारी ने निरीक्षण किया। वहां खाली भूखंडों में स्क्रैप जलाने की कई भट्टियां लगी पाई गईं। इसमें से लोग धातु एकत्र कर रहे हैं। कंडारी ने बताया कि टीम को देख वहां धातु एकत्र कर रहे लोग भाग खड़े हुए। उन्होंने बताया कि इस संबंध में पूर्ण जानकारी जुटाकर प्रदूषण फैलाने वालों के खिलाफ धारा 133 सीआरपीसी के तहत रिपोर्ट भेजी जाएगी। कंडारी ने बताया कि ई-कचरा जलाने से उठने वाले धुएं से कैंसर जैसी बीमारी हो सकती है।