शिक्षा अधिकार अधिनियम के तहत शिक्षारत बच्चों को निकाले के खिलाफ अभिभावकों ने डीएम अक्षत गुप्ता को ज्ञापन सौंपा। कहा कि विद्यालय प्रबंधन की मनमानी के कारण विद्यार्थियों का भविष्य दांव पर लगा है। आगाह किया कि यदि प्रशासन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाएं, तो आंदोलन किया जाएगा।
सोमवार को वरिष्ठ कांग्रेस नेता संजीव कुमार सिंह सहित कई अभिभावक डीएम कार्यालय पहुंचे और जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। बताया कि सिसैया बंडिया में हिमालयन प्रोग्रेसिव स्कूल में आरटीई के तहत 56 बच्चें शिक्षारत है।
आरोप है कि बिना कारण के विद्यालय प्रबंधन ने 56 बच्चों के स्कूल प्रवेश पर प्रतिबंध लगाते हुए अभिभावकों पर फीस जमा करने का दबाव बनाया जा रहा है, जबकि आरटीई के तहत गरीब बच्चों को निशुल्क शिक्षा दिए जाने का प्रावधान है।
ऐसे में विद्यालय प्रबंधन के तानाशाही रवैये के चलते बच्चों का भविष्य अधर में लटका हुआ है और विद्यार्थी उपेक्षित महसूस कर रहे है। कहा कि प्रबंधन सरकार की नीतियों की खुलेआम धज्जियां उड़ा रहे है।
जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने डीएम से मामले की जांच करते हुए शीघ्र कोई ठोस कदम उठाने की मांग की। कहा कि यदि विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ, तो आंदोलन किया जाएगा।
वहां नंदलाल, नसरीन, मनजीत कौर, रूबाना, हिम्मत सिंह, बसंती बसेड़ा, धर्मवीर सिंह, संजीव सिंह बिष्ट, मजू डांगी, गीता पाठक आदि थे।