परगना मजिस्ट्रेट न्यायालय से जारी सर्च वारंट के आधार पर पुलिस ने मुरादाबाद जिले के एक गांव में दबिश देकर एक नवविवाहिता को बरामद कर लिया। पुलिस ने उसे बयानों के लिए कोर्ट में पेश किया, जहां उसने पति के साथ जाने की इच्छा जताई। युवती के बालिग होने के चलते कोर्ट ने उसे स्वतंत्र कर दिया।
मोहल्ला कटोराताल नई बस्ती निवासी इमरान पुत्र महबूब का बीते कई माह से जनपद मुरादाबाद थाना डिलारी के ग्राम तुमड़िया कला निवासी नाजमीन से प्रेम प्रसंग चल रहा था। दोनों की जान पहचान सोशल मीडिया के माध्यम से हुई। फरवरी 2019 में दोनों ने गुपचुप तरीके से निकाह कर लिया।
मामले की जानकारी होने पर नाजमीन के भाई काशीपुर पहुंचे और अपनी इज्जत का वास्ता देकर सही ढंग से विदाई करने का आश्वासन देकर उसे अपने साथ ले गए। इसके बाद परिजनों ने उसका मोबाइल छीन लिया और उसके घर से निकलने पर रोक लगा दी। बीते दो माह से उसका इमरान से संपर्क नहीं हो पा रहा था। मामले में इमरान ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से परगना मजिस्ट्रेट की अदालत में प्रार्थना पत्र देकर कहा है कि उसकी पत्नी के मायके वालों ने उसे जबरन अपने पास रोका है।
वहां उसकी पत्नी को जान का खतरा है। परगना मजिस्ट्रेट ने नाजमीन की बरामदगी के लिए सर्च वारंट जारी कर दिया। सर्च वारंट के आधार पर उपनिरीक्षक जावेद मलिक ने पुलिस टीम के साथ तुमड़िया कला में दबिश देकर नाजमीन को बरामद कर लिया। शनिवार को उसे परगना मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया गया। बयानों में उसने पति इमरान के साथ रहने की इच्छा जताई। कोर्ट ने युवती को पति के सुपुर्द कर दिया।