सितारगंज में मुख्य चौराहे पर जल रहे अलाव से ठंड दूर करते मानसिक रूप से दिव्यांग को अस्थायी रैन बस?
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सितारगंज। हाड़ कंपाती ठंड से बचाव के लिए पालिका की ओर से नगर के सार्वजनिक स्थानों पर अलाव तो जलाए गए हैं लेकिन रैन बसेरा न होने से यहां सड़कों पर घूमने वाले गरीबों और बाहर से रात को नगर पहुंचने वाले यात्रियों के लिए रैन बसेरे की सुविधा नहीं है। पालिका ने रैन बसेरा बनाने के लिए सनातन धर्म मंदिर की धर्मशाला के कमरों को किराए पर लिया है। इसके लिए पालिका ने पर्यावरण मित्रों की मोबाइल टीम भी बनाई है, जो कि नगर का भ्रमण कर जरूरतमंदों को किराए के अस्थायी रैन बसेरे में ठहरा रही है।
बृहस्पतिवार को सारा दिन नगर के मुख्य चौराहे पर मानसिक रूप से कमजोर एक व्यक्ति अलाव के सहारे बैठा रहा। शाम होते ही पालिका की मोबाइल टीम सड़क पर निकली तो उनकी नजर उस पर पड़ी। टीम ने उसे कंबल ओढ़ाकर बाइक से धर्मशाला में बने किराए अस्थायी रैन बसेरे में पहुंचाया। टीम लीडर विनोद कुमार विन्नी ने बताया कि वह इस तरह के लोगों को अपने साथी की मदद से बाइक से रैन बसेरा तक पहुंचाते हैं। बताया कि रैन बसेरे में कंबल, बिस्तर देने के साथ ही यात्री या गरीब के खाने की इच्छा जताने पर उन्हें भोजन भी मुहैया कराया जाता है। (संवाद)
नगर पालिका की भूमि पर रैन बसेरा बनाने का प्रस्ताव बोर्ड बैठक में पास कर शासन को भेज दिया है। इसके लिए शासन से अतिरिक्त धन की मांग भी की जा रही है। जल्द ही पालिका की भूमि पर रैन बसेरा बनाया जाएगा। - हरीश दुबे, पालिकाध्यक्ष सितारगंज।
रैन बसेरे मेें अज्ञात की मौत
किच्छा। रैन बसेरे में रह रहे एक वृद्ध की की बीमारी के चलते मौत हो गई है। मृतक की शिनाख्त नहीं हो सकी है। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भिजवाया है।
पुलिस के अनुसार बृहस्पतिवार शाम को हल्द्वानी रोड पर बने नगरपालिका के रैन बसेरे में एक वृद्ध की मौत की सूचना पर पहुंची पुलिस टीम को लोगों ने बताया कि मृतक तीन चार दिन से बीमार था। वह पिछले काफी दिनों से यहां रह रहा था लेकिन उसका नाम पता किसी को नही है। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिये भिजवाया है। (संवाद)