ग्राम पतरामपुर में मेडिकल और किराना स्टोर पर छापा मारकर पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नशे के 102 कैप्सूल और प्रतिबंधित दवाएं बरामद की हैं। दुकान को सील करने के बाद पुलिस ने दुकान स्वामी को भी गिरफ्तार कर लिया है। एक अन्य मेडिकल स्टोर स्वामी टीम को चकमा देकर फरार हो गया।
ग्राम पतरामपुर में ईदगाह रोड निवासी वीरेंद्र कुमार की बालाजी मेडिकल एवं किराना की दुकान है। कुछ समय पूर्व वीरेंद्र ने ग्राम मनोरथपुर के कुलवंत सिंह को कुछ दवाएं बेची थी जिससे कुलवंत का स्वास्थ्य खराब हो गया। ग्रामीणों ने वीरेंद्र पर नशे की दवा बेचने का आरोप लगाकर सोमवार को उसकी दुकान के आगे हंगामा काटा। वीरेंद्र ने भागने का प्रयास किया तो ग्रामीणों ने उसे पकड़ लिया। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि गुरुचरन सिंह ने पुलिस को मामले की सूचना दी।
सूचना पर पहुंचे पतरामपुर चौकी प्रभारी दीवान सिंह बिष्ट ने लोगों को समझाने के बाद चिकित्साधीक्षक डॉ. एचके शर्मा को मौके पर बुला लिया। लोगों का आरोप था कि बालाजी मेडिकल स्टोर और चक्रवर्ती मेडिकल स्टोर पर नशीली दवाएं बेची जा रही हैं। पूर्व में कार्रवाई होने के बाद भी उक्त दोनों लोगों ने नशीली दवाओं का कारोबार बंद नहीं किया।
चिकित्साधीक्षक द्वारा जांच करने के बाद बालाजी मेडिकल स्टोर से 102 नशे के कैप्सूल और प्रतिबंधित दवाएं बरामद हुई। उन्होंने बताया कि मेडिकल स्टोर को सील करने के बाद दुकान स्वामी वीरेंद्र कुमार को हिरासत में लिया गया है। औषधि निरीक्षक रुद्रपुर सुधीर कुमार को भी मामले की जानकारी दी गई है।
चक्रवर्ती मेडिकल स्टोर का स्वामी चमन चक्रवर्ती दुकान बंद कर भाग गया था। उसकी दुकान में भी नशीली दवाएं बेचे जाने की शिकायत लोगों ने की है जिसके आधार पर उसकी दुकान को भी सील किया गया है। एसआई दिवान सिंह ने बताया कि वीरेंद्र को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।