विकास कार्यों में भ्रष्टाचार को लेकर विपक्ष के निशाने पर रहीं मेयर अचानक आक्रामक हो गईं। मेयर सोनी कोली ने विपक्षी पार्षदों के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए जिलाधिकारी से मुलाकात की। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष विकास कार्यों को बाधित कर रहा है।
एलईडी खरीद में मेयर और नगर निगम के अधिकारियों की शिकायत कांग्रेसी पार्षदों ने जिलाधिकारी से की थी। डीएम ने सीडीओ, एसडीएम और वरिष्ठ कोषाधिकारी को मामले की जांच सौंपी थी। कमेटी ने तीनों को एलईडी खरीद में भ्रष्टाचार का दोषी मानते हुए कमिश्नर के पास कार्रवाई के लिए रिपोर्ट भेजी थी। भ्रष्टाचार के मामले में विपक्षी पार्षदों के तेवर के चलते बैकफुट पर रहीं मेयर बुधवार को आक्रामक हो गईं। मेयर ने विपक्षी पार्षदों के खिलाफ जिलाधिकारी से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि विपक्षी पार्षद जानबूझ कर विकास कार्यों को बाधित कर रहे हैं। जबकि नगर निगम के टेंडर व सभी कार्यों में पूरी पारदर्शिता बरती जा रही है। कहा कि विकास कार्यों को लेकर नगर निगम विकास समिति की बैठक 18 फरवरी को होनी थी। लेकिन एसडीएम ने बैठक पर रोक लगा दी। मेयर ने बैठक के लिए आदेश देने का अनुरोध किया। ज्ञापन देने वालों में पार्षद नूर अहमद, कंचन, प्रमिला साहनी, महेंद्र आर्या शामिल थे।