रुद्रपुर/सितारगंज। अष्टमी-नवमी में शनिवार को मंदिरों में हवन और कन्या पूजन किया गया। शहर के दुर्गा मंदिर, लक्ष्मी नारायण मंदिर, अटरिया मंदिर, नीलकंठ मंदिर, वैष्णो मंदिर, दूधिया मंदिर, हरि मंदिर, वनखंडी महादेव मंदिर और पांचमुखी हनुमान मंदिर में सुबह पुरोहितों ने हवन और माता का पूजन किया। अष्टमी और नवमी एक ही दिन होने पर मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा।
अटरिया मंदिर के पुजारी पंकज गौड़ ने बताया कि रविवार को नवमी व दशमी है। इधर, दुर्गा यात्रा समिति के संयोजक वेद ठुकराल ने बताया कि हिमाचल प्रदेश से लाई गई मां ज्वाला की पावन ज्योति का विसर्जन सोमवार को रामनगर स्थित गिरजा मंदिर में किया जाएगा। इस वर्ष रविवार होने के कारण दशहरा पर मां को विदाई नहीं दी जाएगी। इस वजह से विसर्जन कार्यक्रम सोमवार को होगा। वहां प्रभुदयाल मदान, विक्की कक्कड़, पवन गाबा, अमित दुआ, कृष्णा गाबा, विपिन अरोरा, देवेंद्र कुकरेती, सतीश धीर, कमल साहनी आदि थे।
उधर, सितारगंज में घरों और मंदिरों में कन्या पूजन किया गया। एडवोकेट दयानंद सिंह के आवास पर गिरीश जोशी ने कन्या पूजन के साथ ही भोज कराकर व्रत का परायण किया। इसके अलावा नगर के मंदिरों में भी श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की।
इधर, नगर के रामलीला मैदान में कोरोना महामारी के कारण रामलीला मंचन न कर अखंड रामायण का आयोजन किया गया है, जिसका शुभारंभ विधायक सौरभ बहुगुणा ने पूजा-अर्चना कर किया। वहां कमेटी के संयोजक राकेश त्यागी, सह संयोजक एमपी तिवारी, भाजपा मंडल अध्यक्ष विजय सलूजा, सुरेश जैन, धर्मा देवी, अमित सलूजा, पवन अग्रवाल आदि थे।
काशीपुर/सुल्तानपुर पट्टी/जसपुर। श्रद्धालुओं ने दुर्गा मंदिर, मां बाल सुंदरी देवी मंदिर, गिरीताल, चामुंडा मंदिर, मनसा देवी मंदिर, काली मंदिर में पूजा-अर्चना की कन्या पूजन किया। उधर, सुल्तानपुर पट्टी और जसपुर में भी श्रद्धालुओं ने कन्या पूजन कर आशीर्वाद ग्रहण किया। इसी तरह शिव मंदिर, ठाकुर मंदिर, जोशियान मंदिर, रामेश्वर धाम मंदिर, मां काली मंदिर, राधा-कृष्ण आदि मंदिरों में भी भक्तों का तांता लगा रहा।
बाजपुर/केलाखेड़ा/खटीमा। श्रद्धालुओं ने मंदिरों में मां दुर्गा की पूजा-अर्चना कर कन्याओं को भोजन कराया। नगर के मोहल्ला बांकेनगर स्थित संकटमोचन श्री बालाजी घाटा मंदिर में हवन और कन्या पूजन कर वैश्विक सुख-शांति की कामना की गई। मौके पर अविनाश सरना, प्रमोद गुप्ता, हरी सिंह यादव, देवेश प्रताप सिंह, रवि सरना, शैली सरना, नेहा सरना, कांता, खुशी आदि थे। इधर, केलाखेड़ा में भी लोगों ने कन्याएं पूजीं।
वहां अग्रिमा यादव, गौरी भट्ट, आदित्य भट्ट, खुशी, बानी, सिमरत, आराध्या, रिशु यादव, नेहा, दिव्यांका, दीक्षांत, अक्षित, कांता यादव आदि थे। संवाद उधर, खटीमा में नगर एवं ग्रामीण क्षेत्र के धार्मिक स्थलों पर सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भाजपा नेता विष्णु अग्रवाल ने सपरिवार अपने व्यवसायिक केंद्र पर पंडित नेत्रराम तिवारी की देखरेख में पूजा-अर्चना के बाद हवन कराया। वहीं, पीलीभीत रोड कॉलोनी चारूबेटा स्थिति बिल्लेश्वर मंदिर परिसर पर कई कार्यक्रम संपन्न हुए। संवाद
सांकेतिक रूप से निकाली गई मां मनसा देवी का शोभायात्रा
कशीपुर/जसपुर/खटीमा। मां मनसा देवी मंदिर जीर्णोद्धार समिति ने मां मनसा देवी की शोभायात्रा नगर के विभिन्न मार्गों से होकर चामुंडा मंदिर पहुंची। पूजा-अर्चना के बाद वहां से शोभायात्रा वापस मनसा देवी मंदिर लाई गई। हर साल मां मनसा देवी की शोभायात्रा सैकड़ों झांकियों के साथ भव्य रूप से निकलती थी लेकिन इस वर्ष कोरोना महामारी के चलते साधारण रूप से शोभायात्रा निकाली गई।
न्यू आजाद ठेला यूनियन के पदाधिकारियों इलियाल माहिगीर, डॉ. एमए राहुल, शफीक अंसारी, इरशाद गुड्डू ने पुष्प वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया। वहां संदीप सहगल, आकाश गर्ग, राजेंद्र माहेश्वरी, हिमांशु अरोरा, गगन कांबोज, आशीष शर्मा, बासुदेव गर्ग, पंकज गोयल, रितेश शर्मा आदि थे। इससे पूर्व गीता भवन मार्ग स्थित मनसा देवी मंदिर में सुबह आयोजन समिति के प्रमुख विकास शर्मा खुट्टू, मंत्री राजेंद्र माहेश्वरी, शोभित शर्मा और मुकेश पाहवा ने हवन किया।
उधर, जसपुर में ग्राम तीरथ नगर की बंगाली कॉलोनी में तीन दिवसीय दुर्गा पूजा महोत्सव का शुभारंभ पूर्व विधायक डॉ. शैलेंद्र मोहन सिंघल ने ज्योति प्रज्ज्वलित कर किया। उन्होंने कहा कि ऐसे सामाजिक धार्मिक आयोजनों से ऊर्जा का संचार होता है। वहां राजेंद्र सिंह सैनी, मंगलदास, तपन राय, बंका गुप्ता, प्रीतम प्रेमी, तीरथ सिंह, गिरवर सिंह, गुरबचन सिंह, मलकीत सिंह, गुरदीप सिंह, मनता सिंह, करमचंद आदि थे।
इधर, खटीमा में मां दुर्गा की मूर्ति स्थापना से पूर्व गांव में धूमधाम से कलश यात्रा निकाली गई। नौसर, कुटरा स्थित देवी मंदिर में विधिवत पुजा-अर्चना कर मूर्ति स्थापना की गई। महिलाओं ने देवी गीत गाकर मां दुर्गा की आराधना की। आयोजक हरबंश सिंह राणा ने बताया कि कोरोना महामारी के चलते इस बार भव्य आयोजन नही किया गया है। वहां हेमा राणा, संजीदा, मंजू वर्मा, गंगोत्री राणा, चंद्रवती, व शकुंतला आदि उपस्थित रहे।
अष्टमी पूजन में देवी को दी कोंहड़ा, खीरा और गन्ने की बलि
शक्तिफार्म। बंगाली समुदाय में दुर्गा पूजा को लेकर उल्लास का माहौल है। शनिवार को अष्टमी पूजन में टैगोरनगर एवं निर्मलनगर मंदिर में सैकड़ों लोगों ने व्रत रखकर देवी के चरणों में पुष्पांजलि अर्पित की। पुजारी ने विधान के अनुसार आत्मा स्वरूपा कोंहड़ा, खीरा और गन्ने की बलि दी। इससे पूर्व टैगोरनगर दुर्गा मंदिर में पुरोहित अशोक चक्रवर्ती एवं विजय बनर्जी ने अष्टमी पूजन कराया गया। पूजा के दौरान कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए पूजा कमेटी की ओर से विशेष प्रबंध किए गए थे।
बाजार में निकलता मां मंसा देवी का डोला।- फोटो : KASHIPUR
काशीपुर में सजा मां मंसा देवी का डोला।- फोटो : KASHIPUR
रुद्रपुर में कन्या पूजन करती महिला।- फोटो : RUDRAPUR
रुद्रपुर के दुर्गा मंदिर में हवन करते श्रद्धालु।- फोटो : RUDRAPUR