हेमपुर इस्माइल में घर के अंदर घुसा पानी। स्त्रोत प्रशासन
काशीपुर। पहाड़ और मैदानी क्षेत्र में तेज बारिश होने से शुक्रवार रात बहला नदी में बाढ़ आ गई। नदी का पानी हेमपुर इस्माइल की आबादी में घुस गया। इस कारण हेमपुर इस्माइल और मालवा फार्म के निवासियों की सांसें रातभर अटकी रहीं। सूचना मिलने पर तहसीलदार युसूफ अली ने आपदा प्रभावित क्षेत्र का जायजा लेकर प्रभावित तीन परिवारों को सुरक्षित स्थान पर भेजा। हालांकि सुबह तक जल स्तर कम होेने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
बहला के किनारे बसे छह से अधिक परिवारों पर बाढ़ का खतरा है। इसी कारण शुक्रवार रात नदी का पानी मुनिया, लेखराज, रवि कश्यप, गणेशी, लक्ष्मी, टिंकू, बाबूराम, जयप्रकाश आदि के घरों में घुस गया। इससे परिवारों में अफरा-तफरी रही। प्रभावितों ने बताया कि दस दिन पहले क्षेत्र में आई बाढ़ से प्रभावित उभरे भी नहीं थे कि फिर से जल स्तर बढ़ने लगा। प्रशासन की मदद से लोगों की जान बच सकी थी। तहसीलदार युसूफ अली शुक्रवार रात करीब 12 बजे मौके पर पहुंचे। उन्होंने क्षेत्र का निरीक्षण कर तीन-चार परिवारों के घर खाली करा परिजनों को वार्ड में भेजा। वहीं बहला नदी के टूटे छोर की मरम्मत न होने के कारण मालवा फार्म में पानी घुसने लगा। इससे वहां रहने वाले परिवार भी रातभर चिंतित रहे। उनकी नींद तक छिन गई हालांकि पानी सड़क तक रुका रहा।
सामान समेट कर भागे परिवार
काशीपुर। ग्रामीण रवि कश्यप ने बताया कि घर में परिवार के साथ सो रहे थे। रात करीब 12 बजे अचानक बहला नदी में फिर तेजी से पानी आ गया। उठकर देखा तो आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मची थी। उन्होंने भी सामान समेट कर परिजनों को नदी पार किराये के कमरे में पहुंचाया। सुबह गांव जाकर देखा तो नदी का जलस्तर कम हो गया।
रात करीब 12 बजे बहला नदी का जलस्तर बढ़ गया था। नदी का पानी फिर से आबादी क्षेत्र में घुस गया था। हेमपुर इस्माइल क्षेत्र का निरीक्षण कर बाढ़ प्रभावित तीन परिवारों को सुरक्षित स्थान पर भेजा गया। - युसूफ अली, तहसीलदार, काशीपुर