काशीपुर/सुल्तानपुर पट्टी। उत्तराखंड के तालाब में डूबे यूपी के एक मछुआरे का शव चौथे दिन एसडीआरएफ ने बरामद कर लिया।
टीम को खोज और बचाव में ओबीएम बोट की मदद लेनी पड़ी। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। यूपी के जिला रामपुर के थाना टांडा गांव पीपल नायक निवासी राजेंद्र सिंह (48) पुत्र स्व. जगदीश सिंह मछली बेचने का काम करता था।
राजेंद्र ने तीन साथियों के साथ मिलकर लगभग तीन साल पहले मछली पालन के लिए गांव अजीतपुर सुपर इंडियन क्रशर के पास स्थित जसपाल सिंह का तालाब ठेके पर लिया था। बुधवार की सुबह लगभग सात बजे अपने साथियों से बताकर वह घर से तालाब पर आया था।
देर शाम तक जब वह घर नहीं लौटा तो परिजन बृहस्पतिवार की सुबह तालाब पर पहुंचे। तलाश के दौरान परिजनों को राजेंद्र के कपड़े, चप्पल आदि सामान तालाब किनारे मिले। परिजनों ने तालाब में डूबने की आशंका जताते हुए पुलिस को सूचना दी। बृहस्पतिवार को एसडीआरएफ मौके पर पहुंचीं और लगातार सर्च अभियान चलाया लेकिन सफलता नहीं मिली।
शनिवार को एसडीआरफ प्रभारी मंगल सिंह भाकुनी ने बताया कि ओबीएम बोट के माध्यम से सर्च अभियान चलाया। तब राजेंद्र का शव पानी में उतराता नजर आया। आईटीआई थाना के प्रभारी थानाध्यक्ष प्रकाश बिष्ट को सूचना देकर शव उनकी सुपुर्दगी में दे दिया। राजेंद्र के चचेरे भाई पवन कुमार ने बताया कि राजेंद्र, राकेश और गांव के रहने वाले प्रेम सिंह ने अजीतपुर में एक तालाब ठेके पर लिया था। बुधवार को राजेंद्र अकेला तालाब पर आया था।
शनिवार को पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे परिजनों ने बताया वह अपने पीछे पत्नी सुनीता देवी, दो बेटे सुनील व मनोज और दो बेटी राधिका व मोनिका को रोता-बिलखता छोड़ गए हैं। मृतक के बेटे ने हत्या की आशंका जताते हुए कार्रवाई की मांग की।