गदरपुर। अज्ञात कारणों के चलते एक झोपड़ी और गोशाला में आग लग गई। आग में झोपड़ी में रखा सारा सामान जलकर नष्ट हो गया और गोशाला में बंधी दो भैंसें गंभीर रूप से झुलस गईं। गृहस्वामी के मुताबिक आग से करीब दो लाख रुपये नुकसान हुआ है। झोपड़ी में आग लगने से परिवार ने रात गुजराने के लिए पड़ोसियों के घर में शरण ली।
शनिवार देर रात ग्राम नंदपुर निवासी खुनखुन की झोपड़ी में अज्ञात कारणों के चलते आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और गोशाला को भी चपेट में ले लिया। आग की लपटों को देख खुनखुन के पड़ोसी कुलविंदर सिंह ने आसपास के लोगों की मदद से किसी तरह परिवार को सुरक्षित बाहर निकाला।
उन्होंने अपने खेत में लगी मोटर चलाकर पानी की बौछार से बमुश्किल आग पर काबू पाया लेकिन तब तक आग में झोपड़ी, वहां रखा सामान और चार हजार की नकदी जलकर नष्ट हो चुकी थी। घटना के समय खुनखुन, उसकी पत्नी लालसा देवी, पुत्र लच्छीराम और पुत्रवधू ज्ञानवती मौजूद थे। उसके दो बेटे घर से बाहर थे।
ग्राम प्रधान नंदराम की सूचना पर तहसीलदार राजीव कुमार वर्मा के निर्देश पर हल्का पटवारी दीपक वर्मा ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया। उन्होंने बताया कि इसकी रिपोर्ट बनाकर उच्चाधिकारियों को भेज दी गई है।
डीएम आवास के पीछे झाड़ियों में धधकी आग
रुद्रपुर। डीएम रंजना राजगुरू के आवास के पीछे झाड़ियों में आग लगने से आसपास के सरकारी आवासीय कॉलोनी में रहने वाले कर्मियों के परिवार दहशत में आ गए। रुद्रपुर और पंतनगर के दमकल कर्मचारियों ने दो गाड़ियों की मदद से आग पर काबू पाया। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली।
रविवार दोपहर करीब एक बजे डीएम आवास के पीछे कुछ लोगों ने धुआं उठता देखा।
सूचना पर रुद्रपुर दमकल विभाग से एक गाड़ी मौके पर भेजी गई। आग की लपटें तेज होने पर कर्मचारियों ने पंतनगर से एक और गाड़ी मंगवाई गई। दोनों गाड़ियों की मदद से टीम ने आग पर नियंत्रण पाया। सीएफओ वंश बहादुर यादव ने बताया कि आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
संभवत: अज्ञात व्यक्ति के जलती बीड़ी फेंकने से आग लगने की आशंका है। उन्होंने बताया कि आग से आधा एकड़ क्षेत्र जल गया। वहां हरीश बोहरा, दीवान सिंह, धीरज राणा, प्रशांत सिंह, नवल, गिरीश, प्रकाश, देवेंद्र परगाई आदि थे। (संवाद)