काशीपुर। मौसम के बदलते मिजाज से कान में फंगल के मरीज बढ़ने लगे हैं। रोजाना ऐसे 25 फीसदी मरीज सरकारी अस्पताल की ओर रुख कर रहे हैं।
एलडी भट्ट राजकीय उप जिला चिकित्सालय बुखार के मरीजों से भरा हुआ है। साथ ही कान में फंगल की समस्या वाले रोगियों की संख्या भी बढ़ने लगी हैं। ईएनटी विभाग में रोज करीब 20-25 मरीज कान में खुजली समेत कई समस्या लेकर पहुंच रहे हैं। डॉक्टर इसका कारण मौसम का मिजाज बदलना मान रहे हैं। ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. प्रियांक चौहान ने बताया कि कान में फंगल के मरीज बढ़ रहे हैं। यह शुगर रोगियों के लिए घातक हो सकती है। कान में खुजली होना, कान का बहना, कान में भारीपन महसूस होना, सुनने में कठिनाई होना, कान में दर्द होना आदि समस्या होने पर डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। बिना डॉक्टर की सलाह के स्वयं एंटीबायोटिक दवाई का प्रयोग नहीं करना चाहिए।
कान में ये लक्षण दिखने पर डॉक्टर से करें संपर्क
काशीपुर। ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. प्रियांक चौहान कहते हैं कि कान की बाहरी त्वचा लाल होना, कान में सूजन व दर्द, कान में सीटी बजना, सफेद, पीले, हरे रंग का लिक्विड निकलना, कान बंद हो जाना, खुजली होना आदि कान में फंगल इंफेक्शन के लक्षण हो सकते हैं। यह समस्या शुगर रोगियों, बच्चों और तैराकों को अधिक होने का खतरा रहता है। इससे बचने के लिए तकिया सुखाकर लगाए, कान में पानी नहीं जाने दे।