रुद्रपुर में प्रशासन ने भारी पुलिस बल की मौजूदगी में रविवार को नगर के खेड़ा में धार्मिक स्थल के नाम पर कब्जा की गई नगर निगम की करीब आठ एकड़ जमीन मुक्त करा दी है। नगर निगम ने मुक्त कराई गई जमीन को कब्जे में ले लिया है।
सुबह डीएम नितिन सिंह भदौरिया, एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने अधिकारियों के साथ मौका मुआयना किया। डीएम ने मातहत अधिकारियों को सरकारी जमीन से प्राथमिकता से कब्जा हटाने के निर्देश दिए। एसएसपी ने कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए हरसंभव कदम उठाने को कहा। जमीन की पैमाइश करने के बाद घेराबंदी कर दी गई। पारदर्शिता बनाए रखने के लिए संपूर्ण कार्यवाही की फोटोग्राफी, वीडियोग्राफी की गई। ड्रोन से निगरानी की गई।
मेयर विकास शर्मा और विधायक शिव अरोरा भी मौके पर पहुंचे। मेयर ने कहा कि खेड़ा बस्ती में धार्मिक स्थल की आड़ में कब्जाई गई करोड़ों की जमीन को कब्जे में लेकर लैंड जिहाद के खिलाफ कड़ा संदेश दिया है। नगर निगम क्षेत्र में अतिक्रमण और लैंड जिहाद के खिलाफ आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी।
उन्होंने कहा कि खेड़ा बस्ती में धार्मिक स्थल के लिए दो एकड़ भूमि आवंटित की गई थी लेकिन उसकी आड़ में आठ एकड़ सरकारी जमीन पर कब्जा कर लिया था। नगर निगम और जिला विकास प्राधिकरण ने हाल में पूरी भूमि का सर्वे कराया था। आठ एकड़ क्षेत्रफल में अवैध कब्जे की पुष्टि हुई थी।
विधायक अरोरा ने कहा कि लैंड जिहाद के नाम पर किए गए कब्जे के विषय में सीएम पुष्कर सिंह धामी को अवगत कराया था और कब्जामुक्त करने की मांग की थी। खेड़ा में ईदगाह के नाम पर कब्जा की गई सरकारी भूमि को प्रशासन ने कब्जा मुक्त करा दिया है। यह लैंड जिहाद के खिलाफ अब तक की बहुत बड़ी कार्रवाई है।
अधिकारियों की फौज और सुरक्षा बल था तैनात
खेड़ा में अतिक्रमण हटाने के दौरान जिला विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष/एडीएम पंकज उपाध्याय, एडीएम कौस्तुभ मिश्रा, एसपी सिटी निहारिका तोमर, एसडीएम सदर मनीष बिष्ट, नगर निगम की एमएनए शिप्रा जोशी, गदरपुर की एसडीएम ऋचा सिंह, किच्छा के एसडीएम गौरव पांडे आदि मौजूद थे। दो सीओ, सभी थाना प्रभारी, पुलिस, फायर, होमगार्ड, पीआरडी, आबकारी, वन विभाग, पीएसी के 350 जवान तैनात थे। स्थल को जाने वाली सड़क पर अवरोधक लगाकर पुलिस जवान तैनात थे। घर की छतों पर भी पुलिस की तैनाती की गई थी।
न्यायालय और जिला विकास प्राधिकरण के आदेश पर खेड़ा में राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम ने आठ एकड़ (लगभग 32,375 वर्ग मीटर) सरकारी भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराया गया।
- मणिकांत मिश्रा, एसएसपी यूएस नगर