घोटाले में लिप्त बाहरी राज्यों के 39 शैक्षिक संस्थानों और 55 दलालों के खिलाफ जिले के विभिन्न थाना-चौकियों में केस दर्ज किए गए हैं। जसपुर के दो सरकारी शिक्षकों समेत 15 दलालों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। जसपुर और बाजपुर से जेल भेजे गए दलालों ने मिलकर सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों के एससी-ओबीसी प्रमाणपत्र बनाए हैं।
तहसीलों में काम करने वाले दलालों ने बनाईं फर्जी मुहरें
रुद्रपुर। एसआईटी सूत्रों के अनुसार तहसीलों में काम करने वाले दलालों ने तहसीलदार और पटवारी की फर्जी मुहरें बनाईं हैं। छात्रवृत्ति घोटाले में शामिल अधिकतर दलाल अलग-अलग तहसीलों में दलाली करते हैं। बाजपुर के राजेंद्र नाम के व्यक्ति के पास से एसआईटी ने फर्जी मुहरें बरामद कीं हैं। इसके अलावा, कुछ अन्य दलाल भी एसआईटी के रडार पर हैं।
बाहरी राज्यों के शैक्षिक संस्थानों ने छात्रवृत्ति आवंटन में करोड़ों रुपये का घोटाला किया है। एसआईटी ने गड़बड़ी मिलने पर शैक्षिक संस्थानों और दलालों पर मुकदमा दर्ज कराया है। सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों के एससी-ओबीसी प्रमाणपत्र बनाकर लाखों रुपये का घोटाला किया गया है। प्रमाणपत्रों में तहसीलदार और पटवारी की मुहरें लगीं हैं, जांच जारी है।
- देवेंद्र पींचा, एसआईटी प्रभारी।