हेमपुर डिपो में तैनात हवलदार ने पेड़ पर रस्सी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। हवलदार का शव लटका देख स्टॉफ में हड़कंप मच गया। पुलिस को शव के पास से कोई भी सुसाइड नोट बरामद नहीं हो सका। पोस्टमार्टम कराने के बाद पुलिस ने शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया। मृतक की पत्नी ने एक अफसर पर दूध चोरी का गलत आरोप लगाकर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है।
रविवार सुबह हेमपुर डिपो के पोलो ग्राउंड में स्थित शीशम के पेड़ में हवलदार नरेंद्र सिंह (33) पुत्र फूल सिंह निवासी ग्राम जीगरा खटीमा का शव रस्सी से लटका हुआ था। हवलदार को पेड़ पर लटका देख अधिकारियों, कर्मचारियों और जवानों में खलबली मच गई। डिपो अधिकारियों ने घटना की सूचना कुंडेश्वरी चौकी पुलिस को दी। पुलिसकर्मियों ने हवलदार का शव पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भिजवा दिया। हवलदार के पास या कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिलने से आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल सका। सूचना मिलने पर पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे मृतक की पत्नी कोमल राणा, चचेरे भाई सुमित सिंह, भतीजे अभिषेक, पड़ोसी अशोक ने खूब हंगामा काटा।
कोमल ने एसआई दिनेश फर्त्याल को बताया कि बीते चार नवंबर को उसके पति का फोन आया था। फोन पर नरेंद्र ने बताया कि एक अफसर उस पर दूध चोरी कर बेचने का गलत आरोप लगाकर उसे क्वार्टर गार्ड में बंद करने की धमकी देता है। ऐसे आरोप से उसकी बदनामी हो रही है। उसका किसी काम में उसका मन नहीं लग रहा है। पति ने उसे भी डिपो आने पर यह कह कर मना किया कि लोग उसे चोर की पत्नी कहेंगे। कोमल ने कहा कि इससे पहले उसका पति हिमाचल प्रदेश में तैनात था। एक अक्तूबर को ही वह हेमपुर डिपो आया था।
डिपो में पाली जाने वाली गायों का दूध निकलवाने की ड्यूटी उसके पति की थी। उसने उक्त अफसर पर पति का मानसिक उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है। कहा कि इसी वजह से उसके पति ने आत्महत्या जैसा बड़ा कदम उठाया। पीड़िता ने कहा कि पहले मुकदमा दर्ज करें, तभी वह शव ले जाएंगे। दरोगा के समझाने पर परिजन शव लेकर खटीमा चले गए। चचेरे भाई सुमित राणा ने बताया कि मृतक अपने पीछे पत्नी, छह साल की पुत्री पायल, तीन साल के पुत्र मयंक को छोड़ गया है।