कार सवार एक व्यक्ति को चार युवकों ने गोली मारकर घायल कर दिया। घायल को सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां से डाक्टरों ने उसे रेफर कर दिया। मामला आपसी लेनदेन का बताया जा रहा है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
शुक्रवार देर रात एक व्यक्ति खून से लथपथ सिडकुल चौकी पहुंचा। वहां घायल पुलिस को बताया कि उसका नाम रविंद्र नागर (35) पुत्र गोपीचंद्र नागर है। वह मूल रूप से मोवाना थाना मेरठ का रहने वाला है। लेकिन बीते आठ साल से वह यहां रुद्रपुर के आदर्श कालोनी में परिवार के साथ रह रहा है। उसकी सिडकुल सेक्टर तीन में जेवीएम नाम से फैक्ट्री है। रविंद्र ने पुलिस को बताया कि वह दिनेशपुर रोड पर एक बार से शराब पीकर अपनी कार से वापस लौट रहा था। जब वह सिडकुल और दिनेशपुर के बीच सुनसान इलाके में पहुंचा तो दो बाइकों में सवार चार लोगों ने उसे कार में पंक्चर होने की बात कह रोक लिया। जैसे ही उसने कार रोकी इसी दौरान तीन लोग उसकी कार में घुस गए और उसे तमंचे की नोक पर टांडा जंगल की और ले गए। वहां उन्होंने उससे कुछ स्टांप और खाली कागजों पर हस्ताक्षर व अंगूठे लगवाए। इसी बीच वह तीनों शौच के लिए कार से बाहर निकले तो उसने अपनी कार मोड़ कर भगा दी। लेकिन उन्होंने उसका बाइक से पीछा कर गोली मार दी। गोली उसके बाएं हाथ में लगी। पुलिस ने घायल रविंद्र को तुरंत जिला अस्पताल भर्ती कराया। लेकिन उसकी हालत नाजुक देख डॉक्टरों ने उसे रेफर कर दिया। पुलिस ने पीड़ित द्वारा बताए क्षेत्र में आरोपियों की तलाश की लेकिन वहां कोई नहीं मिला। मामले की अब तक पुलिस के पास तहरीर नहीं आई है।
फैक्ट्री का है लेनदेन का विवाद
रुद्रपुर। घायल रविंद्र ने बताया कि उसने सिडकुल के सेक्टर तीन में जेवीएम फैक्ट्री लगाई थी। बाद में उसके साथ दो पार्टनर और हो गए। जिससे उसका लेनदेन का विवाद चल रहा है। घायल रविंद्र ने पुलिस को बताया कि फैक्ट्री से 45 लाख रुपये का लाभ हुआ था। लेकिन उसे लाभ का कुछ भी हिस्सा नहीं दिया गया। उसने फैक्ट्री में 15 लाख की कीमत की मशीन भी लगाई। जिसका रुपया भी पार्टनरों ने नहीं दिया। बाद में उन्होंने एक चेक दिया जो बाउंस हो गया। इससे अनुमान लगाया जा रहा है कि रविंद्र पर लेनदेन के विवाद को लेकर हमला किया गया।
पुलिस के गले नहीं उतर रही रविंद्र की कहानी
रुद्रपुर। घायल रविंद्र की कहानी में पुलिस को झोल नजर आ रहा है। पुलिस के मुताबिक रविंद्र के हाथ से खून निकल रहा था और वह नशे में था। रविंद्र ने पुलिस को बताया कि तीन बदमाश उसकी कार में बैठकर उसे टांडा जंगल की और ले गए। और तीनों ही शौच के लिए एक साथ बाहर निकल गए। इसके बाद वह कार लेकर भागने लगा और बाइक सवारों ने रोककर उसे गोली मार दी यह कहानी पुलिस के गले नहीं उतार रही है। पुलिस को मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है।
मामले की नहीं मिली है तहरीर
रुद्रपुर। सिडकुल चौकी प्रभारी एमपी सिंह ने बताया कि घटना संदिग्ध प्रतीत हो रही है। घायल रविंद्र फैक्ट्री के लेनदेन में विवाद की बात कह रहा है। उन्होंने बताया कि दूसरे पक्ष से जब पूछताछ की गई तो दूसरे पक्ष के लोग भी वित्तीय लेनदेन की बात स्वीकार रहे हैं। हालांकि अब तक इस मामले में कोई तहरीर नहीं है। मामले की जांच की जा रही है।