काशीपुर के श्रीगुरूगोविंद सिंह कालोनी में छात्रा के अपहरण के मामले में पुलिस को आंशिक सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने इस घटना में शामिल मुख्य आरोपी के भतीजे को गिरफ्तार कर लिया है। तमाम प्रयासों के बावजूद पुलिस अभी अपहृत छात्रा को बरामद नहीं कर सकी है। पुलिस आरोपी पिता की तलाश में जुटी है।
बीती 22 दिसंबर को श्रीगुरूगोविंद सिंह कालोनी निवासी कक्षा छह की छात्रा रागिनी गोयता उर्फ पिंकी कुंडेश्वरी रोड स्थित एक स्कूल से घर लौट रही थी। स्कूल बस के घर से कुछ दूरी पर रुकने पर स्विफ्ट डिजायर कार में सवार लोग रागिनी को अपहृत कर ले गए थे। मामले में छात्रा की मां गुरविंदर कौर ने अपने पूर्व पति सुभाष गोयता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। आरोपी की लोकेशन हरियाणा में होने की जानकारी पर पुलिस ने उसकी तलाश में कई बार संभावित स्थानों पर दबिश दी, लेकिन पुलिस को कोई सफलता नहीं मिल सकी।
जांच के दौरान पुलिस को पता लगा कि पूर्व भी छात्रा को उसका तेहेरा भाई जिंद (हरियाणा) के ग्राम झांजपुर निवासी दीपक गोयता पुत्र दरबारा सिंह बहला-फुसला कर अपने साथ ले गया था। पुलिस ने उसका मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लगाया था कि छात्रा के अपहरण की वारदात के समय उसकी लोकेशन भी घटनास्थल पर होना पाई गई। इसी आधार पर पुलिस ने हरियाणा में दबिश देकर दीपक को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अपहृत छात्रा के संबंध में उससे पूछताछ कर रही है। पूछताछ में दीपक ने घटना में शामिल होने की बात स्वीकार करते हुए बताया कि रागिनी को ले जाते समय उसके ताऊ सुभाष उसे हरियाणा में उसके घर उतारकर चले गए थे। उधर, आईटीआई थाना प्रभारी जसवीर सिंह ने बताया की घटना के बाद से आरोपी ने अपना मोबाइल नंबर बदल लिया है। इस कारण उसकी लोकेशन नहीं मिल पा रही है। पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।