जसपुर। यूपीसीएल के जसपुर विद्युत वितरण खंड में 47 लाख रुपये के गबन के मामले में आरोपी कर्मचारी को निलंबित कर दिया गया है। शासन ने इस मामले की जांच काशीपुर अधीक्षण अभियंता को सौंपी है।
अधिशासी अभियंता शिशिर श्रीवास्तव ने बताया कि घोटाले तीन साल की अवधि का है। उन्होंने इससे पूर्व में भी घोटाला होने की आशंका व्यक्त की है। इधर, आरोपी कर्मचारी ने शुक्रवार को ही 16.5 लाख रुपये जमा कराने के साथ ही गबन की शेष राशि एक सप्ताह में जमा कराने की बात कही है।
यूपीसीएल के जसपुर विद्युत वितरण खंड में तैनात कर्मचारी को बीते तीन वर्षों से विद्युत बिलों की वसूली और उसे बैंक में जमा करने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। शासन स्तर पर 47 लाख रुपये के गबन का मामला उजागर होने पर आरोपी कर्मचारी ने शुक्रवार को ही 16.5 लाख रुपये जमा करा दिए। अधिशासी अभियंता शिशिर श्रीवास्तव ने बताया कि आरोपी कर्मचारी टीजी-2 के पद पर तैनात था। उसने 19 जनवरी 2018 तक गबन किया, उन्हें इस बात का पता 30 जनवरी को चला।
इसके बाद उसे हटाकर उन्होंने अपने कार्यालय में संबद्ध कर दिया था। उन्होंने बताया कि जांच अधिकारी काशीपुर अधीक्षण अभियंता राजकुमार ने आरोपी कर्मी को शनिवार को निलंबित करने के साथ ही कंप्यूटर का सारा डाटा अपने साथ ले गए हैं। उन्होंने आशंका व्यक्त की कि इससे पूर्व में भी आरोपी कर्मचारी की ओर से कई घोटाले किए गए हो सकते है।