आरएसएस के संगठन सेवा प्रकल्प संस्थान के प्रांतीय उपाध्यक्ष सुरेश सिंह राणा के बेटे का शव संदिग्ध परिस्थितियों में नानकसागर बैराज में डूबा मिला। एसपी सिटी देवेंद्र पींचा ने टीम के साथ घटनास्थल का मुआयना किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। इधर, एसएसपी ने थाने पहुंचकर मामले की जानकारी ली और अधीनस्थों को घटना के शीघ्र खुलासे के निर्देश दिए। इकलौते बेटे की मौत परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
सेवा प्रकल्प संस्थान के प्रांतीय उपाध्यक्ष एवं आरएसएस के प्रांतीय ग्राम विकास प्रमुख खैराना गांव निवासी सुरेश सिंह राणा का इकलौता बेटा हरिओम सिंह राणा (22) शनिवार शाम करीब 4:30 बजे घर से बाइक (यूके 06 एवाई 6276) से सिसईखेड़ा चौराहे पर खरीदारी करने आया था। काफी देर बाद जब वह घर नहीं लौटा तो छोटी बहन सरस्वती ने उसके फोन किया लेकिन नंबर नहीं लगा और मोबाइल स्विच ऑफ बताने लगा। इससे घबराई सरस्वती ने परिजनों को जानकारी दी।
परिजन उसकी तलाश में जुट गए। शाम करीब सात बजे तक खोज के बाद भी पता न चलने पर सरस्वती ने अपनी बड़ी बहन तपेड़ा गांव निवासी नीलम पत्नी प्रेम सिंह राणा को मामले की जानकारी दी। नीलम ने तुरंत थाने पहुंचकर भाई हरिओम के लापता होने की सूचना दी। पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर परिजनों के साथ उसकी तलाश शुरू कर दी।
रात भर पुलिस के साथ ढूंढ खोज करते परिजन सवेरे करीब 7:30 बजे हरिओम बैराज पर पहुंचे तो हरिओम की बाइक नानकसागर बैराज के किशनपुर घाट पर बैराज की दीवार से टिकी मिली और जलाशय में जैकेट उतराती नजर आई। इस पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। थानाध्यक्ष कमलेश भट्ट पुलिस और पीएसी के गोताखोरों के साथ बैराज पहुंचे और जैकेट निकाली लेकिन हरिओम नहीं मिला। पुलिस ने करीब तीन घंटे तक मोटर बोट से घटनास्थल के आसपास गहनता से छानबीन की। आखिर जहां पानी में हरिओम की जैकेट मिली, उससे करीब 20 मीटर की दूरी पर हरिओम का शव पानी से बरामद हो गया।
पुलिस ने शव को बाहर निकाला तो हरिओम के दोनों हाथ आगे की तरफ मफलर से कसकर बंधे हुए थे और माथे पर भी चोट का निशान था, जिससे खून रिस रहा था। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए खटीमा भेजा। सूचना पर एसपी सिटी देवेंद्र पींचा और सीओ मनोज ठाकुर घटनास्थल पहुंचे और मामले में आवश्यक दिशा निर्देश दिए। एसपी सिटी की सूचना पर एसएसपी दलीप सिंह कुंवर भी थाने पहुंचे। उन्होंने अधीनस्थों से घटना का शीघ्र खुलासा करने को कहा। इधर, पिता सुरेश ने बेटे की हत्या करने की आशंका जताते हुए पुलिस से कानूनी कार्रवाई की मांग की है। खबर लिखे जाने तक पुलिस को घटना की तहरीर नहीं दी गई थी।
प्रथम दृष्टया पुलिस मान रही हत्या की घटना
यामीन अंसारी
सितारगंज। संदिग्ध हालात में जलाशय से मिले हरिओम के शव ने पुलिस को भी चकरा दिया है। हालांकि प्रथम दृष्टया पुलिस का मानना है कि घटना हरिओम की हत्या की गई है।
सुरेश सिंह के रिश्तेदार एवं आरएसएस के प्रांतीय सह कार्यवाह श्रीपाल राणा के अनुसार रात में जब हरिओम की खोज की जा रही थी तो रात करीब 10 बजे मोबाइल की लोकेशन डियूढ़ी गांव के आसपास मिली। इस पर परिजन पुलिस के साथ डियूढ़ी गांव पहुंचे और तलाश में लग गए। यहां हरिओम का मोबाइल स्विच ऑन करने के बाद ऑफ किया गया था। इसके बाद नानकसागर बैराज से आगे प्रतापपुर गांव के आसपास मोबाइल की लोकेशन मिली। यहां भी इसी तरह फोन को ऑन और ऑफ किया गया था। पुलिस ने दोनों जगहों को टारगेट पर कर तलाशी अभियान चलाया।
तड़के आरएसएस के प्रांतीय सह कार्यवाह श्रीपाल राणा के कानपुर निवासी दामाद ने हरिओम के नंबर पर कॉल की तो घंटी पूरी जाने के बाद फोन कट गया और फिर दोबारा लगाया तो स्विच आफ हो गया। इससे पुलिस के शक की सुई तेज हो गई और परिजन भी नानकसागर बैराज पर हरिओम को ढूंढने निकल पड़े, जहां सुबह 7:30 बजे परिजनों को उसकी बाइक और जैकेट मिल गई। एसपी सिटी देवेंद्र पींचा ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला हत्या से जुड़ा लगता है। जांच की जा रही है।
कॉल डिटेल खंगालने में जुटी एसओजी
नानकमत्ता। हरिओम की मौत के खुलासे के लिए एसओजी टीम को भी लगाया गया है। घटनास्थल पर मृतक का मोबाइल तो नहीं मिला लेकिन एसओजी की टीम मृतक हरिओम के मोबाइल नंबर की कॉल डिटेल खंगालने के साथ ही घटनास्थल के आसपास मोबाइल लोकेशन ट्रेस करने में जुटी है। वहीं, मृतक की जैकेट पर झाड़ियों के कांटे चिपके थे और जैकेट पर रगड़ के भी निशान पाए गए हैं। झाड़ियों से शव काफी दूरी पर जलाशय में मिला है। इससे प्रतीत होता है कि हरिओम की हत्या कर शव को पानी में फेंका गया होगा। (संवाद)
बाइक पर नहीं गिरी थी ओस या पाला
नानकसागर बैराज पर जब परिजनों को बाइक मिली तो उस पर ओस या पाला लगा नहीं पाया गया और न ही शव काफी देर से पानी के भीतर होना सामने आया। यदि रात को ही हरिओम को पानी में डुबोया जाता या वह डूबता तो उसका शरीर फूलकर पानी पर उतराने लगता लेकिन ऐसा नहीं था। बाइक पर भी ओस या पाले का न लगा होने से आसपास के लोग हरिओम को तड़के में यहां लाकर फेंकने की चर्चा कर रहे हैं। परिजन भी रात को 11 बजे इसी स्थान से खोज करते हुए गुजरे थे। उस समय न तो बाइक थी और न ही कोई निशान मिला था। (संवाद)
मृतक हरिओम आखिरी दिन किससे मिला और मोबाइल से उसने कहां-कहां बात की। आखिरी बार किसके साथ देखा गया है, इन सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। अन्य एंगलों पर भी पुलिस की जांच चल रही है। पुलिस अधिकारियों को खुलासे के निर्देश दिए गए हैं। यह हत्या है या फिर अन्य कोई घटना हुई है, इसका पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद चलेगा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद जल्द ही मामले का पटाक्षेप कर दिया जाएगा। - दलीप सिंह कुंवर, एसएसपी, ऊधमसिंह नगर।
होनहार हरिओम का आईआईटी मुंबई में एमएससी के लिए हुआ था चयन
वीरेंद्र तिवारी
नानकमत्ता। मृतक हरिओम राणा परिवार का होनहार और मेधावी बेटा था। वाराणसी की बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी से बीएससी की पढ़ाई करने के बाद उसका चयन आईआईटी मुंबई में एमएससी के लिए हुआ था। पिता भी अपने इकलौते बेटे हरिओम को उच्च शिक्षा दिलाकर काबिल बनाना चाहते थे लेकिन भगवान को शायद कुछ और ही मंजूर था। तीन बहनों के इकलौते भाई की मौत से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। मां कमला देवी बेटे के वियोग में बेसुध है।
सुरेश सिंह राणा खैराना गांव के प्रतिष्ठित किसान हैं और दशकों से आरएसएस से जुड़े हैं। सितारगंज के सिडकुल में महाराणा प्रताप के नाम से बने 12 राणा स्मारक में वह समिति के कोषाध्यक्ष हैं। सुरेश सिंह की बेटी नीलम राणा मुंसिफ कोर्ट खटीमा की हेड मोहर्रिर हैं। उससे छोटी कंचन राणा चंपावत के सरकारी स्कूल में शिक्षिका हैं जबकि तीसरे नंबर की बेटी सरस्वती राणा संकल्प संस्था से यूपीएससी की तैयारी कर रही है।
सुरेश अपने इकलौते बेटे हरिओम को भी उच्च शिक्षा दिलाकर काबिल बनाना चाहते थे, इसलिए हरिओम को बीएचयू से बीएससी की शिक्षा दिलाई और फिर आईआईटी मुंबई में प्रवेश दिलाया। लॉकडाउन की वजह से हरिओम मुंबई नहीं जा सका और वाराणसी से घर आ गया। तब से वह यहीं रहकर तैयारी कर रहा था। शनिवार शाम को परिवार में बेहतर पकवान बनाने के लिए सरस्वती ने हरिओम को खरीदारी करने भेजा था लेकिन उसे क्या पता था कि उसका भाई अब नहीं लौटेगा।
विधायक ने की खुलासे की मांग
नानकमत्ता। विधायक डॉ. प्रेम सिंह राणा ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और परिजन और पुलिस अफसरों से मामले की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि हरिओम की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का जल्द से जल्द खुलासा हो। उन्होंने एसएसपी दलीप सिंह कुंवर से भी इस मामले में वार्ता की। इधर आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारी सुरेश सिंह राणा के बेटे हरिओम की मौत से आरएसएस संगठन ने शोक जताया है। आरएसएस के विभाग प्रचारक नरेंद्र, जिला प्रचारक नरेंद्र, सह प्रांत कार्यवाह श्रीपाल राणा, जिला कार्यवाह समर पाल, विभाग संपर्क प्रमुख तेज सिंह बिष्ट, सह जिला कार्यवाह ज्ञानेद्र त्रिपाठी, नीलांबर जोशी, पवन बिंद समेत कई लोग उनके घर पहुंचे और शोक संवेदना व्यक्त कर परिवार को ढाढ़स बंधाया। (संवाद)
नानकमत्ता में बैराज पर घटनास्थल का मुआयना करते सीओ मनोठ कुमार व विधायक डॉ. प्रेम सिंह राणा।- फोटो : SITARGANJ
हरिओम सिंह राणा। (फाइल फोटो)- फोटो : SITARGANJ
नानकसागर बैराज के किशनपुर घाट पर तटबंध की दीवार से टिकी पड़ी मृतक हरिओम की बाइक।- फोटो : SITARGANJ
नानकमत्ता के नानकसागर बैराज में मोटर बोट से पानी में शव की तलाश करते गोताखोर व पुलिस के जवान।- फोटो : SITARGANJ