रुद्रपुर के गाबा चौक पर सिलिंडर लेने के लिए कतार में खडे लोग। संवाद
रुद्रपुर। शहर में एलपीजी सिलिंडर की किल्लत ने हालात बिगाड़ दिए हैं। घरेलू उपभोक्ताओं के साथ होटल कारोबारियों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बीते दिनों कॉमर्शियल गैस सिलिंडरों की आपूर्ति बाधित होने के बाद होटल संचालक अब लकड़ी और कोयले का सहारा लेने के लिए मजबूर हो गए हैं। घरेलू उपभोक्ताओं की स्थिति और भी खराब है जो सिलिंडर पहले करीब 1000 रुपये में मिल जाता था, वह कालाबाजारी में 2500 रुपये तक बेचा जा रहा है।
वर्तमान में गैस एजेंसियां फिलहाल केवल बुकिंग कार्ड धारकों को ही सिलिंडर दे रही हैं जिससे बिना कार्ड वाले उपभोक्ता भटकने के लिए मजबूर हैं। बृहस्पतिवार को शहर के गाबा चौक, मोदी मैदान और नैनीताल रोड सहित कई स्थानों पर सुबह से ही गैस के लिए लंबी कतारें लगी रहीं जो दोपहर बाद तक जारी रहीं। लोग घंटो इंतजार के बावजूद गैस मिलने को लेकर असमंजस में दिखे। वहीं, शहर में तमाम गैस एजेंसी प्रबंधनों का कहना है की आपूर्ति जल्द सामान्य हो जाएगी और कालाबाजारी पर रोक के प्रयास किए जा रहे हैं। फिलहाल पहले जिन लोगों की पहले से बुकिंग है उन्हें प्राथमिकता से सिलिंडर मुहैया कराया जा रहा है।
बेतहाशा महंगाई से आम उपभोक्ता बेहाल
आवास विकास निवासी जयंती देवी का कहना है कि पहले बिना कार्ड के भी उन्हें सिलिंडर मिल जाता था लेकिन अब उनसे 2500 रुपये तक वसूले जा रहे हैं। वहीं खेड़ा निवासी संतोष यादव के अनुसार छोटे सिलिंडर की रिफिलिंग 60-70 रुपये प्रति किलो से बढ़कर 150 रुपये तक पहुंच गई है।