रुद्रपुर। कांग्रेस ने देश की शिक्षा व्यवस्था, प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और बढ़ती बेरोजगारी पर केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। राहुल गांधी के छात्रों की गूंज अभियान के तहत जिलाध्यक्ष हिमांशु गाबा ने प्रेसवार्ता में शिक्षा और रोजगार व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए।
सोमवार को सिटी क्लब में हुई बैठक में गाबा ने कहा कि राहुल गांधी ने कोटा में छात्रों से संवाद कर शिक्षा की वास्तविक स्थिति सामने रखी है। करोड़ों युवा बेहतर भविष्य का सपना देखते हैं पर वर्तमान व्यवस्था उन्हें आगे बढ़ाने के बजाय बाहर करने वाली बन रही है। हजारों छात्र प्रतियोगी परीक्षाओं में उतरते हैं लेकिन अवसर बेहद सीमित हैं। नीट की तैयारी करने वाले 22 लाख छात्रों के परिवारों का निजी खर्च 1.32 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचता है। यह भारत सरकार के शिक्षा बजट के लगभग बराबर है। महानगर कांग्रेस अध्यक्ष ममता रानी ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य बच्चों को अवसर देना होना चाहिए। पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल ने रोजगार के मुद्दे पर सरकार को घेरा। उन्होंने बताया कि 1000 छात्रों में केवल करीब 12 छात्र ही ग्रेजुएशन के बाद औपचारिक रोजगार पाते हैं। इंजीनियरिंग के छात्र भी रोजगार की समस्या से जूझ रहे हैं।