रुद्रपुर। जूनियर संवर्ग का कैडर जिला स्तर से प्रदेश स्तरीय करने की तैयारी के विरोध में बृहस्पतिवार को रुद्रपुर में जिलेभर के हाईस्कूल के शिक्षक-शिक्षिकाओं ने प्रदर्शन किया। उन्होंने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को ज्ञापन भेजकर एलटी संविलियन का कड़ा विरोध किया।
रुद्रपुर के राजकीय कन्या उच्च प्राथमिक स्कूल में राजकीय जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ की जिला स्तरीय बैठक में शिक्षक-शिक्षकाओं ने एलटी संविलियन का विरोध किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में जूनियर संवर्ग के शिक्षक-शिक्षिकाओं का जिला स्तरीय कैडर है। यदि उनका एलटी संविलियन होता है तो उनका कैडर प्रदेश स्तरीय कर दिया जाएगा जिसके बाद उनकी प्रदेश के किसी भी स्कूल में तैनाती की जा सकती है।
वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश सरकार ने बीते 20 सितंबर को एलटी संविलियन को लेकर 10 सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। एलटी संविलियन की तैयारी से जूनियर हाईस्कूलों के शिक्षक-शिक्षिकाओं में आक्रोश है। उन्होंने एलटी संविलियन का विरोध करते हुए मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को संबोधित ज्ञापन एडीएम जयभारत सिंह को सौंपा।
बैठक और प्रदर्शन करने वालों में शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष कुंवर सिंह पाल, जिला मंत्री गिरवर सैनी, प्रमोद चौहान, फूलबचन मौर्य, नीलम आर्या, सविता सिंह, अर्चना अरोरा, खेमकरन सिंह, शंकर बिष्ट, महेंद्र यादव, मो. जलीस, संदीप कुमार, राजेंद्र बिष्ट, सूरज सक्सेना, दिनेश मिश्र, मदनलाल लोधी आदि थे।
200 जूनियर हाईस्कूलों में तैनात हैं 650 शिक्षक
रुद्रपुर। वर्तमान में ऊधमसिंह नगर जिले के 200 जूनियर हाईस्कूलों में करीब 650 शिक्षक-शिक्षिकाएं तैनात हैं। यदि कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर सरकार इन्हें एलटी संवर्ग देकर प्रदेश कैडर के तहत प्रदेशभर में सेवा देने के निर्देश देती है तो इससे सबसे अधिक ऊधमसिंह नगर के शिक्षक-शिक्षकाएं प्रभावित होंगे। दरअसल इस जिले में अधिकांश जूनियर हाईस्कूल सुगम में आते हैं जिसके चलते उन्हें नई तैनाती में मैदानी जिले से सीधे पर्वतीय जिलों के दुर्गम स्कूलों में सेवाएं देनी पड़ सकती हैं। संवाद