काशीपुर। काशीपुर डिपो में दिल्ली रूट से हटाई गईं बीएस-4 बसों को केवल हरिद्वार, देहरादून और टनकपुर रूट पर भेजा जा रहा है जबकि अन्य रूटों पर बसों का संचालन नहीं हो रहा है। मेरठ और रामपुर रूट का परमिट होने के बाद भी वहां बसें नहीं चलाई जा रही हैं। नई बसें न मिलने से त्योहारी सीजन में डिपो को राजस्व का नुकसान उठाना पड़ सकता है।
अगस्त तक काशीपुर डिपो से दिल्ली रूट पर 16 बसों का संचालन होता था। सितंबर में एनजीटी के आदेश के बाद दिल्ली में बीएस-4 बसों के प्रवेश पर प्रतिबंध लग गया। इसके बाद अब दिल्ली रूट पर मात्र छह बीएस-6 और सीएनजी बसों का ही संचालन हो रहा है।
आने वाले दिनों में त्योहारी सीजन शुरू होने वाला है। इस दौरान दिल्ली से पहाड़ की ओर जाने वाले यात्रियों की संख्या बढ़ जाती है और डिपो को अच्छी कमाई होती है लेकिन वर्तमान में डिपो को दिल्ली रूट के लिए नई बसें नहीं मिली हैं। दूसरी ओर डिपो प्रशासन दिल्ली रूट से हटाई गईं बीएस-4 बसों को देहरादून, हरिद्वार और टनकपुर रूट पर ही संचालित कर रहा है जबकि इन रूटों पर पहले से ही पर्याप्त बसें चल रही हैं।
मेरठ और रामपुर का परमिट होने के बावजूद इन रूटों पर संचालन शुरू नहीं किया गया है। यदि इन रूटों पर बसें चलाई जाएं तो डिपो की आय बढ़ सकती है। इस संबंध में सहायक महाप्रबंधक इंदिरा भट्ट ने बताया कि जल्द ही डिपो को छह नई बीएस-6 बसें मिलने वाली हैं जिन्हें दिल्ली रूट पर संचालित किया जाएगा।