रुद्रपुर। तराई में ठंड अभी शुरू ही हुई है लेकिन राजनीति पारा बढ़ने लगा है। सड़क से लेकर विधानसभा तक सरकार के खिलाफ हमलावर रहने वाले किच्छा से कांग्रेस विधायक तिलकराज बेहड़ पहली बार सीएम पुष्कर सिंह धामी के मंच पर न केवल नरम दिखे बल्कि सरकार की तारीफ करते हुए नजर आए। मौका था पंतनगर में आयोजित किसान सम्मेलन का। उनकी तारीफ के कई मायने निकाले जा रहे हैं। पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के कार्यक्रम में नहीं पहुंचना चर्चाओं का विषय बन गया है।
सीएम पुष्कर सिंह धामी बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे। उनके साथ मंच पर कृषि मंत्री गणेश जोशी, पूर्व सांसद बलराज पासी, रुद्रपुर के मेयर विकास शर्मा, काशीपुर के मेयर दीपक बाली के अलावा किच्छा विधायक व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता तिलकराज बेहड़ नजर आए। मगर किच्छा के पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने कार्यक्रम से दूरी बनाई। यहां तक भी सब सामान्य लगा।
इसके बाद मंच संबोधन का दौर शुरू हुआ। विधायक बेहड़ ने मंच पर आकर कहा कि सीएम धामी के नेतृत्व में प्रदेश निरंतर प्रगति कर रहा है। हमें दलगत राजनीति से ऊपर उठकर जनसमस्याओं का प्राथमिकता से निराकरण करना होगा। अक्सर सरकार पर हमलावर रहने वाले विधायक के मुंह से तारीफ सुन हर कोई चर्चाओं को हवा देने लगा। वर्ष 2027 के चुनाव में नया मोड़ आने की बात भी होने लगी। बेहड़ की तारीफ व शुक्ला की दूरी से रुद्रपुर-किच्छा तक माहौल चर्चाओं से भरा रहा।
वर्जन
मेरे क्षेत्र में सरकारी कार्यक्रम था और कार्ड में मेरा नाम छपा था। कार्यक्रम की अध्यक्षता भी मैंने ही की। इस मौके पर शिष्टाचार निभाया गया। मैंने सरकार की केवल तारीफ ही नहीं की बल्कि कमियां भी गिनाईं। मंच से ही कहा कि 25 साल में प्रदेश को कुछ नहीं मिला। पंतनगर विश्वविद्यालय की दशा और बुरी हो गई है। कर्मचारी व किसान परेशान हैं। सड़कें टूटी हैं। - तिलकराज बेहड़, विधायक, किच्छा
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मुझे किसी जरूरी कार्यक्रम से अचानक बाहर जाना पड़ा इसलिए कार्यक्रम में नहीं पहुंच सका। कार्ड मुझे भी पहुंचा था। मेरे नहीं जाने की कोई और वजह नहीं है। हम दिल बड़ा रखते हैं। तकलीफ उन्हें होती है जिनका दिल छोटा होता है। - राजेश शुक्ला, पूर्व विधायक, किच्छा