पैसे मांगने के बाद हुई मामूली कहासुनी में दोस्त ने ही बाबूराम का कत्ल किया था। घटना के 24 घंटे बाद ही पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त चाकू बरामद किया है। आरोपी के पास मृतक का मोबाइल भी मिला है।
सीओ दीपक सिंह ने बताया कि मंगलवार की सुबह भगवंतपुर मार्ग पर बिजली घर के पास ग्राम निवारमंडी निवासी बाबूराम सिंह (37) पुत्र सुखन सिंह का रक्तरंजित शव खाली प्लॉट में पड़ा मिला था। मृतक की गर्दन पर धारदार हथियार से वार कर हत्या की गई थी। मृतक के बड़े भाई महेंद्र सिंह ने मामले में अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। हत्यारे की तलाश में पुलिस टीम सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही थी। तभी मालूम हुआ कि बिजली घर के पीछे रहने वाले राजेश उर्फ राजा (32) की भगवंतपुर मार्ग स्थित बिजली घर के पास बाबूराम से सोमवार की शाम को मुलाकात हुई थी। दोनों एक दूसरे के करीबी दोस्त भी थे। आरोपी के मुताबिक इसी दोस्ती के नाते वह बाबूराम को अपने घर ले गया था।
नशे के कारण बाबूराम उसके घर पर ही सो गया। रात करीब 11 बजे बाबूराम की आंख खुली तो उसने पर्स निकालकर पांच सौ का नोट राजेश को देते हुए कहा कि जा मेरे लिए खाना ले आ। उसके पर्स में 500 के और नोट देखकर राजेश उससे पैसे मांगने लगा। इस बात पर दोनों में झगड़ा भी हुआ। इससे आक्रोशित होकर राजेश ने घर में रखा धारदार चाकू निकालकर चारपाई पर बैठे बाबूराम की गर्दन पर चला दिया। चाकू लगने के बाद बाबूराम जीने से छत की ओर भागा। डर के कारण बाबूराम दीवार से लटक कर मकान के पीछे खाली प्लाॅट में पड़ी रेत पर कूद गया। तभी पीछा करते पहुंचे राजेश ने फिर से बाबूराम का चाकू से गला रेत दिया। सीओ ने बताया कि बुधवार की सुबह भगवंतपुर तिराहे से आरोपी राजेश को गिरफ्तार कर उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू एवं मृतक का मोबाइल बरामद किया है। आरोपी के खिलाफ हत्या के बाद साक्ष्यों को छुपाने की धारा बढ़ाकर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
पैसों के लालच ने किया दोस्ती का कत्ल