बाजपुर। उत्तरांचल आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ की जिला स्तरीय बैठक में मानदेय, सेवा का स्थायीकरण पेंशन सहित 17 बिंदुओं पर चर्चा की गई। सहमति के आधार पर 17 सूत्री मांगों को लेकर जिला मुख्यालयों पर 16 अक्तूबर को धरना प्रदर्शन कर डीएम के माध्यम से सीएम को ज्ञापन भेजने का निर्णय लिया गया।
सिंचाई विभाग के अतिथि गृह में आयोजित आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ की बैठक का शुभारंभ बतौर मुख्य अतिथि भारतीय मजदूर संघ के प्रांतीय महामंत्री सुमित सिंघल ने गया। उन्होंने कहा कि भारतीय मजदूर संघ विश्व का एक सबसे बड़ा श्रमिक संगठन है जो हर क्षेत्र में कार्य कर रहे श्रमिकों का नेतृत्व कर रहा है। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता बहुत मेहनत से काम करती हैं लेकिन उन्हें न्यूनतम वेतन भी नहीं दिया जा रहा है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पीएफ और बोनस का लाभ नहीं दिया जा रहा है। इससे कार्यकर्ता परेशान हैं। लंबे समय से इन मांगों को लेकर संघर्षरत हैं। 16 अक्तूबर को राज्य के सभी जिला मुख्यालयों पर धरना प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के नाम मांगपत्र भेजा जाएगा।
उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को न्यूनतम मासिक मानदेय 24 हजार रुपये, सेवाओं का स्थायीकरण, कार्यभार के अनुपात में वेतन, पेंशन, दीपावली और होली का बोनस सहित अन्य सुविधाएं दी जाएं। बैठक की अध्यक्षता कर रहे यूनियन जिलाध्यक्ष वृंदा ने कहा कि संगठन की तरफ से बाल विकास मंत्री से वार्ता की गई लेकिन समस्याओं का समाधान नहीं हुआ। संचालन दमयंती चुफाल ने किया। वहां डीसी नौटियाल, गुरप्रीत कौर, भगवती, जसवीर कौर, दया, तारावती, आरती, संगीता, प्रेमिला, निर्मला साहनी, कविता, रजनी शर्मा, बबीता आदि मौजूद रहीं। संवाद