अब तक आढ़तों पर 3.76 लाख और क्रय केंद्रों पर सिर्फ 38 हजार क्विंटल हुई धान खरीद
खटीमा। किसानों को सरकार की ओर से घोषित धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ पूरी तरह से नहीं मिल पा रहा है। जिले में 202 सहकारी क्रय केंद्र खोलने के बावजूद अब तक मात्र 38 हजार 60 क्विंटल धान खरीद हुई है जबकि 135 कच्चा आढ़ती अब तक तीन लाख 76 हजार 750 क्विंटल धान खरीद चुके हैं। अधिकतर किसानों का कहना है कि कच्चा आढ़तियों को धान बेचने से शीघ्र भुगतान होने और नमी के मानकों में छूट का लाभ मिल रहा है। जिससे धान की निजी खरीद बढ़ रही है लेकिन धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य नहीं मिल रहा है। किसानों 1800 से 2000 प्रति क्विंटल ही मूल्य मिल रहा है। जबकि सरकारी खरीद में सामान्य धान का मूल्य 2183 व ग्रेड ए का मूल्य 2203 रुपये प्रति क्विंटल है।
शुक्रवार को खटीमा मंडी समिति में खुले क्रय केंद्रों और कच्चा आदमियों का किसानों से खरीदा गया सैकड़ों क्विंटल धान कुटाई के लिए धान मिल को भेजा गया। ट्रैक्टर ट्रालियों की लंबी कतार लगने के कारण मंडी परिसर से लेकर गेट तक जाम की स्थिति बनी रही। खाद्य विभाग के वरिष्ठ विपणन अधिकारी हेमंत जोशी ने कहा कि कुटाई के लिए धान को मिलों में भेजने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। जिले में अब तक करीब 150 कच्चा आढ़तियों को कोड जारी हो चुके हैं। ऊधम सिंह नगर में धान मिलों की संख्या करीब 548 है।
सामान्य धान अधिक बिक रहा
खटीमा। सहकारी क्रय केंद्रों पर किसान सामान्य श्रेणी का धान अधिक बेच रहे हैं। अब तक क्रय केंद्रों पर किसान सामान्य श्रेणी का 28860 क्विंटल धान बेच चुके हैं, जबकि ए ग्रेड का धान सिर्फ 9202 क्विंटल ही बेचा है। संवाद
शनिवार को भी खुले रहेंगे जिले के सभी धान क्रय केंद्र
डीएम बोले, राइस मिलर्स की ओर से खरीदे जा रहे धान का स्टाॅक रजिस्टर से करें मिलान
रुद्रपुर। डीएम उदयराज सिंह ने कलक्ट्रेट सभागार में विभागीय अधिकारियों और क्रय एजेंसियों के साथ धान खरीद की समीक्षा बैठक ली। डीएम ने मंडी सचिव और एजेंसियों को निर्देश दिए कि 14 अक्तूबर को अवकाश के दिन भी किसानों के धान क्रय के लिए सभी क्रय केंद्रों को खोला जाए। मंडी सचिव राइस मिलर्स की ओर से खरीदे जा रहे धान का स्टॉक रजिस्टर से मिलान करें। कहीं भी निर्धारित मूल्यों से नीचे किसानों का धान क्रय न हो। प्रतिदिन क्रय किये गये धान की रिपोर्ट देना सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि धान खरीद की पूरी निगरानी की जाएगी। सभी क्रय एजेंसियों को निर्देश दिए कि अपने क्रय केंद्रों पर एजेंसी के नाम का फ्लैक्सी लगवाएं और उस पर संबंधित क्रय केन्द्र प्रभारी का नाम, मोबाइल नम्बर, एसडीएम का नाम व मोबाइल नंबर अंकित करें। सभी क्रय केन्द्रों पर पंखा, नमी मापक यंत्र, कॉटा, पीने के लिये पानी आदि सभी आवश्यक व्यवस्था करना सुनिश्चित करें। अपर जिलाधिकारी/धान क्रय प्रभारी जय भारत सिंह ने बताया कि जिले में यूसीएफ के 146, पीसीयू के 28, खाद्य विभाग के 25 व एनसीसीएफ के तीन कुल 202 धान खरीद केंद्र अभी तक खोले जा चुके हैं। वहां पर आरएफसी बीएम फिरमाल, मंडी उप निदेशक निर्मला बिष्ट, एसडीएम मनीष बिष्ट सहित अनेक मौजूद रहे।