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जिले में 769 अपात्रों के बना दिए अंत्योदय कार्ड

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रुद्रपुर। जिले में अंत्योदय राशन कार्डों मेें हुई गड़बड़ी से पात्रों को लाभ नहीं मिल पा रहा है। डीएम के आदेश पर हुए सर्वे में ग्रामीण क्षेत्रों में 769 कार्डधारक अपात्र पाए गए हैं। इसके बाद हरकत में आया विभाग इन कार्डों को निरस्त कर पात्र लोगों का कार्ड बनाने की कवायद में जुट गया है।
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इधर, डीएम के निर्देश पर शहरी क्षेत्रों में आपूर्ति विभाग और नगर पालिका की टीम अंत्योदय कार्डों के सत्यापन में जुटी है। बता दें कि अभी करीब 11 हजार कार्डों का सत्यापन होना बाकी है।

जिले में बड़ी संख्या में पात्रों का अंत्योदय कार्ड नहीं बनने की शिकायतें मिल रही थी। शिकायतों में मिलीभगत से अपात्रों को अंत्योदय कार्ड आवंटित करने की बात भी कही गई थी। ज्यादातर शिकायतें ग्रामीण क्षेत्रों से आ रही थीं। अंत्योदय कार्ड धारक को एक महीने में दो रुपये प्रति किलो की दर से 11 किलो गेहूं और तीन रुपये की दर से 24 किलो चावल मिलता है।
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इन शिकायतों को संजीदगी से लेते हुए डीएम ने खाद्य आपूर्ति विभाग को ग्रामीण क्षेत्रों में अंत्योदय राशन कार्डों का सत्यापन करने का आदेश दिया था। विभाग के सत्यापन में कार्ड बनाने में गड़बड़ियां सामने आई हैं।

जिले में कुल 14492 अंत्योदय कार्डों में से अभी 3362 कार्डों का सत्यापन किया जा चुका है। इनमें से 769 कार्ड अपात्रों के पाए गए हैं। जसपुर में 555 कार्डों में से 481 कार्ड अपात्र पाए गए हैं। इसके अलावा खटीमा में 20 और बाजपुर में 268 अपात्र कार्ड पकड़े गए हैं। हालांकि सितारगंज की जांच में 2075 कार्डों में से अब तक कोई अपात्र नहीं पाया गया है। बता दें कि अभी काशीपुर, गदरपुर, जसपुर, बाजपुर, रुद्रपुर, किच्छा, सितारगंज और खटीमा के 11,130 कार्डों का सत्यापन होना बाकी है।

डीएम के आदेश पर जिले में अंत्योदय कार्डों के सत्यापन का काम किया जा रहा है। जो भी कार्ड अपात्र पाए जा रहे हैं, उनको निरस्त कर पात्र लोगों के कार्ड बनाए जाएंगे। ग्रामीण क्षेत्रों के अलावा शहरी क्षेत्रों में भी पूर्ति निरीक्षक और अधिशासी अधिकारी कार्डों के सत्यापन में जुटे हैं।
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श्याम आर्य, जिला पूर्ति अधिकारी।
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