स्वास्थ्य विभाग को कोरोना काल में सबसे ज्यादा कर्मियों की जरूरत है, लेकिन कार्यबहिष्कार पर गए 52 उपनल कर्मियों को स्वास्थ्य विभाग नियुक्तियां नहीं दे रहा है। जिसके चलते कर्मियों को परेशानियों से जूझना पड़ रहा है। कर्मियों का कहना है कि उपनल महासंघ के आह्वान पर कर्मी हड़ताल पर गए थे। वर्तमान में हड़ताल समाप्त हो गई है, लेकिन विभाग उन्हें नियुक्तियां और संविदा का नवीनीकरण नहीं कर रहा है।
उपनल के माध्यम से विभिन्न विभागों में लगे कर्मी अपनी मांगों को लेकर फरवारी में बेमियादी कार्यबहिष्कार पर गए थे। 56 दिनों के बाद सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी और वन मंत्री डा. हरक सिंह रावत के आश्वासन पर उपनल कर्मियों ने हड़ताल स्थगित की थी, लेकिन हड़ताल समाप्त होने के एक सप्ताह बाद भी टिहरी जिले में स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत 52 उपनल कर्मियों को नियुक्ति नहीं दी गई है। कर्मियों का कहना है कि नियुक्तियों के लिए कर्मी विभाग के चक्कर लगा रहे हैं। बावजूद उनकी नियुक्तियां और संविदा का नवीनीकरण नहीं हो रहा है। इस संबंध में मुख्य चिकित्साधिकारी डा. सुमन आर्य का कहना है कि कार्यबहिष्कार के बाद कर्मी काम पर नहीं आ रहे हैं। उन्हें तत्काल ज्वाइंनिंग देनी चाहिए। इसके बाद ही संविदा का नवीनीकरण किया जाएगा।