टिहरी झील साहसिक पर्यटन उत्सव की सांस्कृतिक संध्या में लोकगायक किशन महिपाल और कल्पना चौहान के गीतों पर दर्शक देर रात तक झूमते रहे। उत्सव के सफल संचालन पर पर्यटन विभाग ने जोरदार आतिशबाजी कर लोगों को रोमांचित किया।
रविवार को बौराड़ी स्टेडियम में सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ पर्यटन एवं युवा कल्याण मंत्री दिनेश धनै ने किया। उन्होंने कहा कि यह उत्सव झील और आसपास क्षेत्रों के विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगा। पर्यटन मंत्री ने कहा कि टिहरी बांध की झील में 20 हजार युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है। इस बीच लोकगायक किशन महिपाल ने घुर घुरांदी घुघूती से कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए कई गीतों की प्रस्तुति दी। उनके गीत रानीखेता राम ढोला, स्याली बंपाली और हे रूड़ी पर दर्शक नाचने को मजबूर हो गए। लोकगायिका कल्पना चौहान ने बेडू पाको बारो मासा, रेशमा शाह ने जौमीला का पाणी और बीना बोरा ने भी कई गीतों की प्रस्तु़तियां दी। बौराड़ी स्टेडियम में आयोजित सांस्कृतिक संध्या का दर्शकों ने देर रात तक खूब लुत्फ उठाया। इस मौके पर चंबा ब्लॉक प्रमुख आनंदी नेगी, जिला पंचायत सदस्य रागिनी भट्ट, निदेशक संस्कृति विभाग बीना भट्ट, बलवीर नेगी, शक्ति जोशी, यूएस नेगी, एसडीएम सदर बीके तिवारी, टाडा के एसीईओ नमित रमोला, फारूख शेख आदि मौजूद थे।। कार्यक्रम का संचालन विक्रम सिंह कठैत और गायक रवि गुसाईं ने किया।