नई टिहरी। टिहरी जिले के सरकारी और निजी अस्पतालों में बर्न यूनिट की कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है। जिला अस्पताल बौराड़ी में स्किन स्पेशलिस्ट भी नहीं है। आईसीयू की सुविधा भी उपलब्ध नहीं है, जिससे मरीज को सीधे देहरादून रेफर करना पड़ता है। दीपावली के त्योहार को देखते हुए अस्पताल प्रशासन की ओर से ईसीजी कक्ष में झुलसे लोगों के उपचार के लिए वैकल्पिक व्यवस्था के तहत दो बेड लगाए गए हैं।
टिहरी जिले में जिला अस्पताल बौराड़ी और उप जिला अस्पताल नरेंद्रनगर है। इन दोनों ही अस्पतालों में पटाखों से झुलसे लोगों के उपचार के लिए बर्न यूनिट नहीं है। ऐसी स्थिति में क्षेत्र के लोगों को दीपावली के दौरान संभलकर आतिशबाजी करने की आवश्यकता है। आतिशबाजी के दौरान जरा सी लापरवाही भारी पड़ सकती है।
झुलसने पर स्थानीय स्तर पर अस्पतालों में उपचार की कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है, जिससे मरीजों को कोरोनेशन अस्पताल देहरादून रेफर करने की मजबूरी बनी रहती है। आतिशबाजी के दौरान झुलसने पर उपचार के लिए कोई हेल्पलाइन नंबर भी जारी नहीं किया गया है। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. अमित राय ने बताया कि दीपावली को देखते हुए जिला अस्पताल में ईसीजी कक्ष में वैकल्पिक व्यवस्था के लिए दो बेड लगाए गए हैं। हल्का झुलसने पर मरीज को देहरादून और दिल्ली रेफर करना पड़ता है।