कंडीसौड़/लंबगांव (टिहरी)। थौलधार और प्रतापनगर ब्लाॅक के निवर्तमान प्रधानों ने जिला पंचायत अध्यक्षों की तर्ज पर ग्राम प्रधानों को भी प्रशासक नियुक्ति करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि प्रदेश सरकार जल्द निर्णय नहीं लेती है, तो प्रदेश के सभी निवर्तमान प्रधान सीएम आवास कूच कर प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू करने को मजबूर होंगे।
पंचायतों का पांच वर्षीय कार्यकाल समाप्त होने पर प्रदेश सरकार ने ग्राम प्रधान और ब्लॉक प्रमुखों की जगह प्रशासन नियुक्त कर दिए हैं, लेकिन जिला पंचायत में जिला पंचायत अध्यक्षों को ही प्रशासक नियुक्त किया गया है। इससे अब सभी प्रधान जिला पंचायत अध्यक्षों की तर्ज पर प्रधानों को भी प्रशासक नियुक्त करने मांग उठाने लगी है।
प्रधानों ने सीएम को भेजे ज्ञापन में कहा कि ग्राम पंचायत त्रिस्तरीय पंचायत की प्रथम कड़ी है, लिहाजा निवर्तमान ग्राम प्रधानों को भी पंचायत राज अधिनियम शक्तियों का प्रयोग करते हुए प्रशासक नियुक्त किया जाना चाहिए। ज्ञापन भेजने वालों में संगठन के निवर्तमान अध्यक्ष रविंद्र सिंह राणा, संदीप रावत, गबर सिंह नेगी, बुद्धि आर्य, विनोद भट्ट, दीवान पडियार, महावीर सेनवाल, भगवान सिंह शामिल थे।
उधर प्रतापनगर ब्लाॅक के निवर्तमान प्रधान और क्षेत्र पंचायत संगठन ने भी सीएम को ज्ञापन भेजकर प्रधान और ब्लाॅक प्रमुखों को प्रशासक नियुक्त करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को एक पंचायत व्यवस्था के प्रतिनिधियों के साथ सौतेला व्यवहार नहीं करना चाहिए। उन्होंने प्रदेश सरकार से प्रधान और ब्लॉक प्रमुखों को भी शीघ्र ही जिला पंचायत अध्यक्षों की तरह प्रशासक नियुक्त करने की मांग की है। ज्ञापन भेजने वालों में निवर्तमान अध्यक्ष लोकपाल कंडियाल, चंद्रशेखर पैन्यूली, गोविंद सिंह रावत, दिनेश जोशी, वीरेंद्र रांगड़, क्षेत्र पंचायत सदस्य पुरुषोत्तम पंवार, महेश लाल, गौरी लाल, मुरारी सजवाण शामिल थे।