पुलिस की महिला बीट व्यवस्था को और सक्रिय करेंगे : एसएसपी
नई टिहरी। महिला सुरक्षा और बाल संरक्षण को अधिक प्रभावी बनाने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे ने टीम गौरा का गठन कर नई पहल शुरू की है। महिला पुलिस की यह विशेष टीम महिलाओं और बाल अपराधों के प्रकरण में त्वरित, संवेदनशील, प्रभावी और विधि सम्मत पुलिस कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।
पुलिस लाइन चंबा में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में एसएसपी श्वेता चौबे ने कहा कि टीम गौरा एक विशेष पुलिस टीम ही नहीं बल्कि जिले की प्रत्येक महिला और बच्चों के लिए संवेदनशील पुलिसिंग का सशक्त माध्यम बनेगी। उन्होंने कहा कि महिला बीट व्यवस्था और सक्रिय की जाएगी। यह टीम स्कूल, कॉलेज, कोचिंग संस्थान और ग्राम स्तर पर जन जागरूकता अभियान भी चलाएगी।
टीम गौरा का गठन करने के बाद एक जुलाई को पुलिस लाइन में जिले के सभी थानों से चयनित महिला उप निरीक्षकाें, महिला मुख्य आरक्षियों और महिला आरक्षियों के लिए एक दिवसीय ट्रेनिंग ऑफ ट्रेनर्स प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षक कल्याण सिंह और मुकेश नैनवाल ने प्रतिभागी महिला पुलिस कर्मियों को आधुनिक आत्मरक्षा तकनीकी का व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया।
सहायक लोक अभियोजक परवाज़ अख्तर ने महिला और बाल अपराधों से संबंधित विधिक प्रावधानों, महिलाओं के अधिकार, प्रभावी विवेचना, अभियोजन की प्रक्रिया, महिला उत्पीड़न, घरेलू हिंसा और लैंगिक अपराधों से संबंधित मामलों में पुलिस की भूमिका एवं वैधानिक दायित्वों की जानकारी दी। किशोर न्याय बोर्ड सदस्य अमिता रावत ने बाल अधिकार, किशोर न्याय अधिनियम, बाल संरक्षण, बाल अपराधों की रोकथाम और बाल पीड़ितों से संबंधित प्रकरण में पुलिस की भूमिका और उत्तरदायित्व के बारे में बताया। मेंटल हेल्थ काउंसलर मालती रावत ने मानसिक स्वास्थ्य की विस्तृत जानकारी दी।