फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

झील विकास प्रोजेक्ट के भ्रमण के लिए पहुंची टीम

विज्ञापन
टिहरी झील के आसपास गांव में ग्रामीणों से जानकारी लेती पर्यटन विभाग की टीम। - फोटो : NEW TEHRI
विज्ञापन
टिहरी झील को विश्वस्तरीय पर्यटन गंतव्य बनाने के लिए केंद्र सरकार के ओर से स्वीकृत 12 सौ करोड़ के झील विकास प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने के लिए कसरत शुरू हुई हो गई है। पर्यटन विकास परिषद के नामित क्रिशील इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी मुंबई ने प्रोजेक्ट में प्रस्तावित स्थानों का दो दिन तक भ्रमण कर व्यावहारिकता (फीजिबिलिटी) रिपोर्ट का अध्ययन किया। उन्होंने कहा कि तीन सप्ताह के अंदर उत्तराखंड सरकार को अध्ययन रिपोर्ट सौंपी जाएगी, जिसके बाद प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो सकेगा।
विज्ञापन

उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद ने प्रस्तावित कार्यों की व्यावहारिकता रिपोर्ट का अध्ययन कर कार्यों की फाइनल डीपीआर तैयार करने के लिए क्रिशील इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी मुंबई को जिम्मेदारी सौंपी है। 15 सितंबर को कंपनी के निदेशक हरिदयाल दमनी, मैनेजर पूमपिया मंडल, समन्वयक प्रतिक देसाई और सुरभि भावसर ने जिला पर्यटन अधिकारी सुरेश सिंह यादव और जिला साहसिक खेल अधिकारी सोबत सिंह राणा के साथ दो दिन तक प्रोजेक्ट के लिए प्रस्तावित स्थल कोटी, गजणा, भागीरथीपुरम, रौलाकोट, मदननेगी, सांदणा, कंगसाली, खोला, खांड, चांठी, डोबरा, उप्पू गढ़, सिरांई आदि का भ्रमण किया।
साहसिक खेल अधिकारी एसएस राणा ने बताया कि टीम को तीन सप्ताह के अंदर अध्ययन रिपोर्ट सौंपनी है, जिसके बाद विस्तृत डीपीआर तैयार होगी। बताया कि बृहस्पतिवार टीम झील क्षेत्र का भ्रमण वापस लौट गई है। बताया कि टीम इससे पहले भी झील क्षेत्र का दौरा कर चुकी हैै। यदि केंद्र सरकार की मुहिम रंग लाई, तो आने वाले दिनों में झील और आसपास का क्षेत्र पर्यटन के रूप में बेहतर स्थान होगा और रोजगार की संभावनाएं भी बढ़ेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें