जिलास्तरीय पुनर्वास समिति की बैठक में विस्थापन पर की गई चर्चा
नई टिहरी। जिलास्तरीय पुनर्वास समिति की बैठक में घनसाली और बालगंगा तहसील क्षेत्र के आपदा प्रभावितों के विस्थापन को लेकर चर्चा की गई। डीएम मयूर दीक्षित ने बताया कि बीते जुलाई और अगस्त में दोनों तहसील क्षेत्र और अन्य विभिन्न गांवों में बादल फटने से काफी क्षति हो गई थी। ऐसे प्रभावित गांवों का सर्वे कराने के बाद आई रिपोर्ट के आधार पर आपदा प्रभावित गांवों का प्राथमिकता से विस्थापन करने की कार्रवाई शुरू की गई है। विस्थापन के लिए शासन से 5.55 करोड़ रुपये की मंजूरी मिल गई है। प्रथम चरण में 108 परिवारों का विस्थापन किया जाएगा।
भिलंगना ब्लाॅक में आपदा से बेघर हुए लोगों को जल्द ही नया आशियाना मिलने की उम्मीद है। प्रदेश सरकार ने प्रभावितों के विस्थापन के लिए 5 करोड़ 55 लाख रुपये की स्वीकृति प्रदान कर दी है। डीएम ने बताया कि प्रथम चरण में आपदा प्रभावित 108 परिवारों का विस्थापन करने की सैद्धांतिक स्वीकृति प्रदान की गई है। उनमें से समिति ने पूर्ण रूप से प्रभावित तिनगढ़ के 72 परिवारों के विस्थापन की स्वीकृति दी है। जबकि कंडार गांव मल्ला के 16, अंक्वाण गांव और मलेथा के 4-4 गांव, जोग्याड़ा के तीन, चकर गांव के चार और गवाडा मल्ला के पांच परिवार शामिल हैं।
डीएम ने कहा कि अन्य विस्थापन संबंधी कार्यों पर जल्द कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने टीएचडीसी के अधिकारियों को शीघ्र ही एसडीएम घनसाली से संपर्क आपदाग्रस्त गांवों का शीघ्र निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में एडीएम केके मिश्रा, एसडीएम घनसाली अपूर्वा सिंह, ईई लोनिवि घनसाली डीसी नौटियाल, एजीएम टीएचडीसी संजय आदि मौजूद थे।