नरेंद्रनगर (टिहरी)। राजकीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी फार्मासिस्ट एसोसिएशन के द्विवार्षिक अधिवेशन में नई कार्यकारिणी का गठन किया गया है। राजेश नेगी अध्यक्ष और राजेश रावत मंत्री चुने गए हैं।
शुक्रवार को नगर पालिका के टाउन हॉल में आयोजित कार्यक्रम सचिव विपेंद्र गोदियाल की देखरेख में संपन्न हुआ। अधिवेशन के मुख्य अतिथि जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी सुभाष चंद्र, अतिविशिष्ट अतिथि राजकीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी फार्मासिस्ट एसोसिएशन उत्तराखंड के अध्यक्ष अरविंद चौहान और विशिष्ट अतिथि महामंत्री विजयपाल पयाल रहे। नई कार्यकारिणी में राकेश नेगी जिला अध्यक्ष, सतीश चंद्र वरिष्ठ उपाध्यक्ष, राजेश रावत सचिव/मंत्री, अभिदीप चमोली कोषाध्यक्ष और रमेश पोखरियाल आय–व्यय निरीक्षक चुने गए। इस मौके पर पूर्व अध्यक्ष दुर्गा प्रसाद भट्ट, अनिल उनियाल, शैलेंद्र उनियाल, किरन डंगवाल और विनीता नाथ आदि मौजूद थे। संवाद
छात्रों ने रंगों के माध्यम से प्रदर्शित की उत्तराखंड की संस्कृति
नरेंद्रनगर (टिहरी)। राज्य स्थापना दिवस की 25वीं वर्षगांठ पर राजकीय महाविद्यालय खाड़ी में रंगोली प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतिभागियों ने उत्तराखंड की लोक संस्कृति, प्राकृतिक सौंदर्य, राज्य आंदोलन, पर्यटन एवं धार्मिक स्थल, चारधाम के प्रमुख स्थलाें को रंगोली के माध्यम से जीवंत रूप दिया। प्रतियोगिता में बुरांश ग्रुप प्रथम, केदारनाथ ग्रुप द्वितीय, गंगोत्री ग्रुप तृतीय रहा। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य प्रो. एके सिंह ने की। कार्यक्रम संयोजक मीना और डाॅ. मीनाक्षी रहे। निर्णायक मंडल में डॉ. सन्नवर, डॉ. ईरा सिंह, डॉ. संगीता बिजल्वाण रहे। इस मौके पर प्रो. निरंजना शर्मा, ममता चौहान, मनीषा, आशीष और पंकज आदि मौजूद थे। संवाद
राजेश पैन्यूली ने पनियाला शिशु मंदिर को दिए कंप्यूटर और लैपटॉप
लंबगांव (टिहरी)। इन्फाे इंटरनेशनल एजुकेशन एंड वेलफेयर साेसाइटी के सीईओ राजेश पैन्यूली ने राैणद रमाेली के सरस्वती शिशु मंदिर पनियाला काे तीन कंप्यूटर और एक लैपटॉप प्रदान किया है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्राें के स्कूलों में संसाधनाें के अभाव में छात्र- छात्राएं तकनीकी शिक्षा नही ले पाते हैं। उन्हाेंने स्कूल प्रबंधन से कहा कि भविष्य में पढ़ने वाले जरूरतमंद छात्रों की फीस और शिक्षकों के मानदेय में भी सहयोग दिया जाएगा। इस मौके पर ग्राम प्रधान दिवाकर पैन्यूली, संजय पैन्यूली, दीपक बगियाल, सुनील पैन्यूली और धर्मानंद पैन्यूली आदि माैजूद थे। संवाद