जुलाई 2009 से पहले पंजीकृत या उपाधि प्राप्त पीएचडी धारकों को यूजीसी की ओर से निर्धारित किए गए पांच मानकों के तहत विवि प्रमाणपत्र जारी करेगा। इसके लिए प्रत्येक विभाग का बोर्ड ऑफ स्टडीज ऐसे पीएचडी धारकों के निर्धारित मानकों की जांच कर प्रमाणपत्र के लिए कुलपति को भेजेगा। कुलपति की संस्तुति पर विवि प्रमाणपत्र जारी करेगा। प्रमाणपत्र प्राप्त होने पर ऐसे पीएचडी धारक असिस्टेंट प्रोफेसर पद के लिए आवेदन कर सकेंगे।
शनिवार को चौरास परिसर स्थित एक्टिविटी सेंटर गढ़वाल विवि की एकेडमिक काउंसिल की आपात बैठक बुलाई गई। बैठक में जुलाई 2009 से पूर्व पंजीकृत या उपाधिधारक पीएचडी धारकों की डिग्री पर विचार किया गया। विवि के ओएसडी प्रो. डीएस नेगी ने बताया कि वर्ष 2009 से पूर्व के पंजीकृत या उपाधिधारक पीएचडी धारकों के मानकों की जांच के लिए प्रत्येक विभाग के बोर्ड ऑफ स्टडीज को अधिकृत किया गया है।
बोर्ड ऑफ स्टडीज मानकों की जांच कर प्रमाणपत्र जारी करने के लिए कुलपति को भेजगा। कुलपति की संस्तुति पर पीएचडी धारक को विवि की ओर से प्रमाण पत्र निर्गत किया जाएगा। इस पर ये पीएचडीधारक असिस्टेंट प्रोफेसर पद के लिए आवेदन कर सकेंगे। बैठक में छात्रों के सामूहिक बीमा की एजेंसी निर्धारित करने के लिए डीएसडब्ल्यू को अधिकृत किया गया है।
पुनरावलोकन कमेटी गठित
श्रीनगर। एकेडमिक काउंसिल की बैठक में कुलपति ने प्री -पीएचडी के लिए आवेदन मांगने से पहले विभागों को पूर्व में आंवटित सीटों का पुनरावलोकन करने के निर्देश दिए। इसके लिए प्रो. ओपी सती की अध्यक्षता में कमेटी भी गठित की गई है। पार्ट टाइम शिक्षकों की नियुक्ति के लिए शीघ्र विज्ञप्ति जारी करने का निर्णय भी लिया गया।
आपदा प्र्भावित छात्रों को मिलेगी शुल्क में छूट
श्रीनगर। एकेडमिक काउंसिल की बैठक में छात्रों की मांग पर आपदा प्रभावित छात्रों को शुल्क में छूट दिए जाने का निर्णय लिया गया। इसके लिए छात्र को एसडीएम की ओर से जारी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।