गडोलिया-घनसाली मोटर मार्ग पर एडीबी की सुस्त कार्यप्रणाली भिलंगना ब्लॉक के लोगों पर भारी पड़ रही है। छह माह से सड़क सुधारीकरण का कार्य चल रहा है, लेकिन बीच सड़क पर जगह-जगह मिट्टी और पत्थरों का ढेर लगा हुआ है, जो हादसों को न्योता दे रहा है।
नालियां आधी-अधूरी खोदकर सड़क को संकरी बना दिया गया है, जिससे सड़क पर वाहन पास नहीं हो पा रहे हैं। स्थानीय लोगों ने निर्माण कार्य में मानकों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए न्यायालय में जनहित याचिका दायर करने की चेतावनी दी है।
एडीबी साढ़े चार करोड़ की लागत से गडोलिया-घनसाली मोटर मार्ग पर डामरीकरण, साइट कटिंग, पैराफिट, दीवार निर्माण का कार्य पिछले छह माह से कर रहा हैं। कार्यदायी संस्था एडीबी 15 किमी के मार्ग पर पहले फेज का निर्माण पूरा होने का दम भर रहा है, लेकिन यह सड़क पहले की अपेक्षा और भी जर्जर हो गई है।
नाली निर्माण के लिए जगह-जगह सड़क खोदी गई है। मिट्टी को सड़क पर ही छोड़ दिया गया है, जिससे सड़क पहले से और अधिक संकरी हो गई है। वाहन पास भी नहीं ले पा रहे हैं। कुछ जगहों पर सड़क के बीच में मिट्टी और पत्थर बिछाए गए हैं।
ऐसे स्थानों पर वाहन रपट रहे हैं या फिर पत्थरों से वाहनों के टायर पंचर हो रहे हैं। निर्माण कार्य की धीमी गति और गुणवत्ता ठीक नहीं होने के कारण मोटर मार्ग की दशा दयनीय बनी हुई है। जिला मुख्यालय के साथ ही राजधानी आवागमन को लेकर भिलंगना ब्लॉक का यह एक मात्र मोटर मार्ग है, जिसकी स्थिति दिनों-दिन खराब होती जा रही है। मई से चारधाम यात्रा शुरू होनी है।
मार्ग की खराब स्थिति के कारण देश-विदेश से यात्रा पर आने वाले लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। अधिवक्ता सुशील देव सुरीरा, लोकेंद्र जोशी, पूर्व प्रमुख धनी लाल शाह, शक्ति लाल शाह, प्रेम लाल त्रिकोटिया, शूरवीर लाल, चंद्र किशोर मैठाणी, रामलाल ने एडीबी से मोटर मार्ग की स्थिति को ठीक करने के साथ उसकी उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। कहा यदि निर्माण कार्यों में इसी तरह अनियमितताएं बरती गई, तो क्षेत्र के लोग न्यायालय में जनहित दायर करने को बाध्य होंगे।
गडोलिया-घनसाली मोटर मार्ग पर मरम्मत और निर्माण का पहले फेज का कार्य पूरा हो गया है। गुणवत्ता मानक के अनुसार है। अब डामरीकरण का कार्य किया जाएगा, जिसके बाद सड़क पूरी तरह से सुगम हो जाएगी।
-यूएस महर, ईई, एडीबी टिहरी