छह माह से वेतन नहीं मिलने से नाराज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थत्यूड़ के चिकित्सक और पैरामेडिकल स्टाफ शुक्रवार से बेमियादी हड़ताल पर चले गए है। ऐसे में दूर-दराज से उपचार के लिए आए रोगियों को निराश लौटना पड़ा।
एक गर्भवर्ती महिला को भी चिकित्सकों ने लौटा दिया था। परिजनों के हंगामे के बाद डिप्टी सीएमओ के निर्देश पर एएनएम ने महिला का प्रसव कराया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थत्यूड़ दो वर्षों से पीपीपी मोड में संचालित हो रहा है। चिकित्सालय में कार्यरत डाक्टरों और कर्मियों का कहना है कि उन्हें छह माह से वेतन भुगतान नहीं किया गया है।
वेतन भुगतान की मंाग को लेकर डाक्टर और कर्मचारी शुक्रवार से हड़ताल पर चले गए है। सुबह 9 बजे गर्भवती महिला संगीता (33) पत्नी विजय सिंह प्रसव के लिए चिकित्सालय पहुंची, लेकिन चिकित्सकों ने उन्हें लौटा दिया था। परिजनों ने इस पर हंगामा किया।
जनप्रतिनिधयों ने इसकी सूचना डिप्टी सीएमओ डा.संजय जैन को दी। तब डिप्टी सीएमओ डा.जैन के निर्देश पर एएनएम ने महिला का प्रसव कराया। चिकित्सालय में भर्ती जच्चा और बच्चा स्वस्थ हैं। सीएचसी के प्रभारी एमडी लखेड़ा ने बताया कि मानदेय नहीं मिलने से पूरा स्टाफ हड़ताल पर चला गया है।
ग्राम ओतण की चिंता देवी पत्नी जय प्रकाश के पैर में चोट लगी है। वह उपचार कराने के लिए सीएसी थत्यूड़ पहुंची, लेकिन डाक्टरों की हड़ताल के चलते उन्हें उपचार के लिए 35 किमी दूर मसूरी जाना पड़ा।