नैनबाग (टिहरी)। लखवाड़ बांध परियोजना से प्रभावित गांव के युवाओं ने बैठक कर प्रभावितों की मांगों का निराकरण न होने पर आक्रोश जताया है। उन्होंने बांध प्रभावितों को छूटी परिसंपत्तियों का जल्द भुगतान करने और युवाओं को रोजगार देने मांग प्रमुखत से उठाई।
जौनपुर में यमुना नदी तट पर निर्माणाधीन 300 मेगावाट लखवाड़ बांध परियोजना से प्रभावित गांव के जनप्रतिनिधियों और युवाओं की बांध प्रभावित काश्तकार संयुक्त संघर्ष समिति जौनपुर-जौनसार के अध्यक्ष महिपाल सिंह सजवाण के नेतृत्व में बसाणिधार में बैठक हुई। अध्यक्ष सजवाण ने कहा कि बांध प्रभावित युवाओं को परियोजना रोजगार देने, प्रभावित काश्तकारों के परिवारों की गणना करने, फलदार पौधों, खेत-खलियान, घराट, छानी आदि परिसंपत्तियों के मुआवजे की मांग कर हैं लेकिन ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान नहीं हो पा रहा।
समिति के सचिव राकेश राणा ने कहा कि बांध प्रभावितों की जायज मांगों को कई बार शासन- प्रशासन में उच्चाधिकारियों के समक्ष भी रखा गया लेकिन हर बार कोरा आश्वासन मिलता है। बैठक में निर्णय लिया गया जल्द ही टिहरी और देहरादून के जिलाधिकारियों को प्रभावित ग्रामीणों का मांग पत्र दिया जाएगा। इसके बाद भी मांगों पर सकारात्मक कार्यवाही नही हुई तो आंदोलन शुरू किया जाएगा। बैठक में सुरेश रावत, आनंद तोमर, सरदार सिंह रावत, प्रदीप भंडारी, अंकित, सुरेश राणा, चैन सिंह, लूथर सिंह, संदीप तोमर आदि मौजूद थे।