विश्वनाथ जगदीशिला डोली नवदुर्गा मंदिर से मसूरी के लिए प्रस्थान हुई। मंदिर परिसर में सुबह पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने डोली एवं देवी-देवताओं के पश्वा से आशीर्वाद लिया। इस मौके पर सीमाओं पर शहीद हुए जवानों की स्मृति में विभिन्न प्रजाति की पौधे भी लगाए गए।
इसके बाद डोली चंबा, चोपडियालगांव, कद्दूखाल, धनोल्टी, बुरांसबाड़ी आदि स्थानों पर श्रद्धालुओं ने डोली के दर्शन कर खुशहाली की कामना की। डोली संयोजक पूर्व शिक्षा मंत्री मंत्री प्रसाद नैथानी ने बताया कि 10 मई को हरिद्वार से शुरू हुई जगदीशिला डोली रथ यात्रा चार जून को गंगा दशहरा पर भिलंगना के विशोन पर्वत पर संपन्न होगी।
इस मौके पर पूर्व पर्यटन मंत्री दिनेश धनै, पूर्व प्रमुख खेम सिंह चौहान, रथ यात्रा के अध्यक्ष रूप सिंह बजियाल, जीडी रतूड़ी, महावीर उनियाल, कमल रतूड़ी,भरत रावत, सतीश उनियाल, ललिता नैथानी, सुंदर सिंह, कुंवर राणा, बुद्धि मेहरा, मनोज राणा, अरविंद पंवार, शिवभक्त, दीपा आर्य, हरीश आर्य, सुभाष लेगवाल आदि मौजूद थे।