जाखणीधार ब्लॉक के जीआईसी सेमंडीधार में आयोजित गोष्ठी में केंद्र सरकार की नई शिक्षा नीति की सराहना की गई। कहा कि शिक्षा नीति में पांच साल बाद शिक्षकों के स्थानांतरण, राज्यों में भी माध्यमिक, उच्च शिक्षा और तकनीकी शिक्षा का एक ही विभाग होना चाहिए, जिससे शिक्षा से जुड़ी समस्याओं का निराकरण आसानी से हो सके।
जीआईसी सेमंडीधार के प्रधानाचार्य विजय श्रीवाण की अध्यक्षता में हुई गोष्ठी में जाखणीधार की ब्लॉक प्रमुख सुनीता देवी ने कहा कि केंद्र सरकार ने 34 साल बाद नई शिक्षा नीति बनाकर इंटरमीडिएट की शिक्षा का सभी को समान अधिकार दिया है। क्षेत्र पंचायत सदस्य प्रभाकर भट्ट ने कहा कि प्राथमिक स्तर पर शिक्षा का अधिक भार आंगनबाड़ी पर दिया जाना उचित नहीं है। पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य विजयपाल रावत नई शिक्षा नीति में कक्षा 10 से परिषदीय परीक्षा को हटाया जाने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। प्रधान स्यूरी हरीश राणा, प्रधान सेमा रामप्यारी देवी ने सराहनीय कदम बताया। अभिभावक संघ के अध्यक्ष किशोरी लाल शाह ने कहा कि शिक्षा नीति से भविष्य में बेहतर परिणाम मिलने की उम्मीद है। इस मौके पर जिला पंचायत सदस्य सुनीता भुजवान, भागवत भट्ट, जमुना प्रसाद बडोनी, राकेश बगियाल, कुशीराम नौटियाल आदि मौजूद थे।