निर्माणाधीन सड़क और सरकारी भवनों का मलबा खेतों, सिंचाई नहरों और पेयजल लाइनों के ऊपर गिरने पर जिला प्रशासन कार्यदायी संस्था के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करेगा।
जिला प्रशासन को शिकायत मिली है कि लोनिवि और पीएमजीएसवाई ने निर्माणाधीन सड़कों का मलबा निस्तारण के लिए कोई भी डंपिंग जोन नहीं बनाया है। ग्रामीण क्षेत्रों में निर्माणाधीन सड़कों का मलबा खेतों, सिंचाई नहरों और पाइप लाइनों के ऊपर डाला जा रहा है। डीएम इवा आशीष श्रीवास्तव ने मानसून से पूर्व कार्यदायी संस्थाओं को निर्माणधीन सड़कों पर पहले डंपिंग जोन बनाने को कहा है। विभागीय अधिकारियों को जारी पत्र में डीएम ने स्पष्ट किया है यदि अब किसी भी क्षेत्र से मलबे के कारण पेयजल लाइन और सिंचाई नहर क्षतिग्रस्त होने की शिकायत मिली, तो आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005 के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
डीएम ने जिले के लोगों से आपदा या दुर्घटना होने की स्थिति में तत्काल सूचना जिला आपदा कंट्रोल रूम के हेल्पलाइन नंबर 01376-234793, 01376- 233433 पर देने को कहा है।