गोपेश्वर। बीआरओ ने बीते अगस्त माह में गौचर से हनुमानचट्टी तक हाईवे के सुधार और डामरीकरण का प्रस्ताव केंद्र को भेजा था। केंद्र ने नवंबर माह में इसकी अनुमति दे दी है। इस काम पर बीआरओ करीब 25 करोड़ खर्च करेगा। हाईवे के बेहद संवेदनशील जोन लामबगड़ और बैनाकुली में भी यात्रा से पहले डामरीकरण पूरा हो जाएगा। बीआरओ के कमांडर आर सुब्रमण्यम का कहना है कि गौचर से हनुमानचट्टी तक हाईवे के खस्ता हाल जगहों को सुधार लिया जाएगा। इसकी टेंडर प्रक्रिया गतिमान है।
तीन किमी कम चलना पड़ेगा
गोपेश्वर। सिखों के प्रसिद्घ तीर्थ हेमकुंड साहिब की यात्रा के लिए तीर्थयात्रियों को हेमकुंड साहिब के लिए तीन किमी कम चलना पड़ेगा। कारण गोविंदघाट से पुलना गांव (तीन किमी) तक सड़क निर्मित होना है। आगामी यात्रा में वाहन पुलना गांव तक जाएंगे। उसके बाद हेमकुंड साहिब की पैदल दूरी 16 किमी रह जाएगी। गोविंदघाट में वर्ष 2013 की आपदा से धर्मशालाएं बह गई थी। अब यहां पहले जैसी धर्मशालाओं का निर्माण हो चुका है। यात्राकाल में यहां पहले की तरह करीब छह हजार तीर्थयात्री रात्रि प्रवास कर सकते हैं। हेमकुंड गुरुद्वारा कमेटी इस बार यहां मेडिकल और खाने की निशुल्क सुविधा भी मुहैया कराएगा।
बाबा केदार की राह में भी होगा सुधार
रुद्रप्रयाग। केदारघाटी की लाइफ लाइन के साथ बाबा केदार धाम पहुंचने के प्रमुख मार्ग होने से रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राष्ट्रीय राजमार्ग का विशेष महत्व है। वर्ष 2016 में इस 76 किमी लंबे राजमार्ग का चौड़ीकरण किया जाएगा। लोनिवि राजमार्ग निर्माण खंड दो चरणों में काम करेगा। पहले चरण में रुद्रप्रयाग से तिलवाड़ा और दूसरे चरण में गुप्तकाशी से सोनप्रयाग तक काम होगा। केदारघाटी के बाजारों पर राजमार्ग पर पार्किंग की व्यवस्था भी की जाएगी।
बनेंगे बाईपास, जुड़ेंगे कई गांव
रुद्रप्रयाग। गौरीकुंड राजमार्ग पर भूस्खलन जोन विजयनगर और सेमी से निजात मिलेगी। सिल्ली से विजयनगर तक पांच किमी और सेमी में लगभग एक किमी बाईपास का निर्माण किया जाएगा। बाईपास बनने से मंदाकिनी नदी के दूसरे तरफ बसे गांवों को भी लाभ मिलेगा।
सोनप्रयाग में बनेगा एक्रो पुल
रुद्रप्रयाग। रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राजमार्ग पर सोनप्रयाग में मंदाकिनी नदी पर अमेरिका से निर्मित एक्रो पुल का निर्माण चल रहा है। इस पुल के बनने से सोनप्रयाग से गौरीकुंड तक राजमार्ग सुगम हो जाएगा।
रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राष्ट्रीय राजमार्ग का सुधार कार्य मार्च 2016 से शुरू कर दिया जाएगा। केंद्र से धन स्वीकृति हो चुकी हैं। अन्य जरूरी कार्रवाई पूरी की जा रही है।- प्रवीन कुमार, ईई लोनिवि राजमार्ग निर्माण खंड रुद्रप्रयाग