बच्छणस्यूं के डुंगरा व डांडा-पीपली निवासी शुभम चौधरी और अनुज चौधरी सेना में लेफ्टिनेंट बन गए हैं। शनिवार को पासिंग आउट परेड का अंतिम पग पार करते ही ये युवा उन 341 सैन्य अधिकारियों में शामिल हो गए हैं जो परेड में शामिल हुए। उनके सैन्य अधिकारी बनने पर पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर है।
शनिवार को आईएमए (भारतीय सैन्य अकादमी) में पासिंग आउट परेड में अगस्त्यमुनि ब्लॉक के बच्छणस्यूं पट्टी के डुंगरा गांव निवासी रवींद्र सिंह चौधरी के पुत्र शुभम व डांडा-पीपली गांव के राजेंद्र सिंह चौधरी व बबीता चौधरी की दो संतानों में बड़े पुत्र अनुज चौधरी भी शामिल हुए। अंतिम पग पार करते ही वे भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बन गए। अनुज चौधरी वर्ष 2011-12 में सैनिक स्कूल घोड़ाखाल में कक्षा 6 के लिए चुने गए थे। वहां इंटरमीडिएट की पढ़ाई के बाद वर्ष 2017 में एनडीए में चयन हुआ। तीन वर्ष की ट्रेनिंग पूणे-खड़कवासला और एक वर्ष की ट्रेनिंग आईएमए देहरादून में पूरी की। अनुज के पिता राजेंद्र सिंह चौधरी दुकानदार हैं। माता बबीता देवी गृहिणी हैं। अनुज के पिता ने बताया कि उनके बेटे ने उन्हें नई पहचान दी है। बचपन से उसे सैन्य अधिकारी बनने की चाह थी, वह पूरी हो गई है।
दूसरी तरफ डुंगरा गांव के रवींद्र सिंह चौधरी के पुत्र शुभम चौधरी भी सेना में लेफ्टिनेंट बन गए हैं। बीटेक की पढ़ाई के बाद बीते वर्ष जून में शुभम का चयन टीजीसी-131 में हुआ। 14 जून 2020 को उनका प्रशिक्षण शुरू हुआ था। एक वर्ष के प्रशिक्षण के बाद वे सेना में लेफ्टिनेंट बन गए हैं। विधायक भरत सिंह चौधरी, जिला पंचायत अध्यक्ष अमरादेई शाह, जिपं सदस्य नरेंद्र बिष्ट, कनिष्ठ प्रमुख शशि सिंह नेगी, पूर्व प्रमुख अनसूया प्रसाद चमोली, वासुदेव कंडारी ने दोनों युवाओं को बधाई दी है।
अनुज ने दादा के सपने को किया साकार
डांडा-पीपली गांव के अनुज चौधरी ने अपने दादा के नक्शेकदम पर चलते हुए सेना को चुना। उनके दादा स्व. गोकुल सिंह चौधरी सेना से बतौर सूबेदार सेवानिवृत्त हुए थे। रिटायरमेंट के बाद वे गांव व क्षेत्र में सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय रहे। उनका एक ही सपना था कि उनके पुत्र व पोते भी भारतीय सेना का हिस्सा बने। वे अनुज को हमेशा से प्रोत्साहित करते थे और सेना में अनुशासन व कार्यों के बारे में जानकारी देते रहते थे। अनुज के एनडीए में चयन पर वे बहुत खुश हुए थे। अनुज के पिता राजेद्र सिंह चौधरी बताते हैं कि उनके बेटे ने अपने दादा के सपने को साकार किया है।