इस यात्रा वर्ष में शनिवार को यह पहला मौका है, जब बाबा केदार के कपाट तो खुलेंगे, लेकिन दर्शनार्थी नहीं होंगे। मंदिर परिसर से लेकर एमआई-26 हेलीपैड तक अब निम, बीकेटीसी और पुलिस के करीब पांच सौ लोग हैं।
तीन दिनों से खराब मौसम से केदारनाथ की यात्रा भी प्रभावित हुई है।
शुक्रवार को सौ से भी कम लोगों ने बाबा के दर्शन किए। इनमें अधिकांश लोग वे थे, जो बृहस्पतिवार को धाम में मौजूद थे। लेकिन शनिवार को बाबा केदार के दर्शन के लिए कोई भक्त नहीं रहेगा।
दो माह में पहुंचे एक लाख से अधिक यात्री
16/17 जून 2013 की आपदा के बाद से केदारनाथ यात्रा कई बार बंद रही। इस वर्ष यात्रा को लेकर कपाट खुलने के दिन से खासा उत्साह देखने को मिला। यात्रा के दो माह में यात्रियों की संख्या 1 लाख 6 हजार से अधिक पहुंच गई। बुधवार रात से शुक्रवार तड़के तक हुई तेज बारिश से यात्रा को 27 जून तक रोक दिया गया है। ऐसे में मौसम विभाग के पूर्वानुमान के बीच आने वाले दिनों में भी यात्रा रुके इससे इंकार नहीं किया जा सकता।
डीएम बोले
केदारनाथ यात्रा पर पहुंचने वाले प्रत्येक यात्री की सुरक्षा का जिम्मा सरकार और प्रशासन का है। ऐसे में किसी भी विषम परिस्थिति के पैदा होने से पहले यात्रियों को पहले ही सूचित कर दिया जाएगा। यात्रा संचालन किसी की जिदंगी से बड़ा नहीं है।
--डा. राघव लंगर, डीएम रुद्रप्रयाग