डीएम रंजना ने मीडिया सेंटर और आपदा कंट्रोल रूप का औचक निरीक्षण कर लचर सफाई व्यवस्था और प्रबंधन पर रोष जताते हुए अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। डीएम ने अधिकारियों/कर्मचारियों को समय पर कार्यालय पहुंचने और कागजी कार्रवाई को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए। ऐसा नहीं होने पर उन्होंने सभी का वेतन रोकने बात कही।
विधानसभा चुनाव तैयारियों के तहत कलेक्ट्रेट में स्थापित हो रहे मीडिया सेंटर के निरीक्षण को पहुंची जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों/कर्मचारियों से जानकारी ली। उन्होंने कंट्रोल रूम में सीसीटीवी कैमरे की मदद से सोनप्रयाग में हो रहे कार्यों के बारे में जिला आपदा अधिकारी से जानकारी ली, लेकिन वे सही जवाब नहीं दे पाए, जिस पर डीएम ने उन्हें फटकार लगाते हुए मजदूरों द्वारा कार्य नहीं किए जाने के बारे में स्पष्टीकरण मांगा।
उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक दिन की रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाए। इस मौके पर डीएम ने कंट्रोल रूम में तैनात कर्मियों की उपस्थिति सहित अन्य दस्तावेज भी चेक किए। डीएम ने कलेक्ट्रेट परिसर के मुख्य रास्ते के दोनों तरफ फैले कूड़ा-कचरे पर नाराजगी जताते हुए कहा कि जब जिला मुख्यालय ही साफ-सुथरा नहीं है, तो अन्य विभागीय कार्यालयों की क्या स्थिति होगी।
उन्होंने पूरे क्षेत्र में नियमित सफाई व्यवस्था बनाए रखने और 10-10 मीटर की दूरी पर कूड़ादान रखने के निर्देश भी दिए। उन्होंने गंदगी फैलाने व कूड़ा अन्यत्र जलाने पर 100 से 500 रुपये तक जुर्माना लगाने की बात भी कही। इस मौके पर एडीएम तीर्थपाल सिंह, सहायक निर्वाचन अधिकारी शंकर राम समेत अन्य अधिकारी/कर्मचारी मौजूद थे।