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बवाल और पुलिस पर पथराव करने वाले 150 अज्ञात लोगों पर केस

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रुद्रपुर के रंपुरा में युवक के परिजनों से मिलते कांग्रेसी। - फोटो : RUDRAPUR
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रुद्रपुर। शहर में सोमवार की रात को रामपुर हाईवे को जाम कर पुलिस कर्मियों और कोतवाली में पथराव करने वाले रंपुरा के 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ पुलिस ने बलवा समेत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। पूरे मामले की विवेचना किच्छा एसएचओ उमेश मलिक को सौंपी गई है। इसके अलावा घायल युवक की तहरीर पर अज्ञात सीपीयू कर्मी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया है।
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मंगलवार सुबह कोतवाल केसी भट्ट ने कोतवाली में तहरीर देकर बताया कि बीते सोमवार की रात आठ से सवा आठ बजे के बीच उन्हें सूचना मिली कि इंदिरा चौक पर चेकिंग के दौरान सीपीयू कर्मी ने वार्ड नंबर 23 रंपुरा निवासी दीपक के माथे में चाबी घोंप दी है। सूचना के बाद वह कोतवाली के बाहर पहुंचे और घायल को अस्पताल ले जाने लगे।
भीड़ ने विरोध करते हुए नारेबाजी शुरू कर दी। उनका कहना है कि भीड़ सीपीयू कर्मी को मौके पर बुलाने की जिद पर अड़ी थी। हंगामा बढ़ने के बाद सीओ अमित कुमार और उच्चाधिकारी मौके पर पहुंचे। उच्चाधिकारियों के समझाने पर दीपक के परिजनों उसे इलाज के लिए अस्पताल भेजने पर राजी हो गए थे।
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उन्होंने दीपक को अपनी सरकारी गाड़ी में बैठाकर अस्पताल भेजना चाहा था कि भीड़ भी कार के पीछे दौड़कर राष्ट्रीय राजमार्ग पर आ गई। पुलिस कर्मियों ने भीड़ को समझाकर घर जाने के लिए भेजा तो अराजक तत्वों ने ईंट, पत्थर से पथराव शुरू कर दिया। चीता कर्मी विजय कार्की के हाथ और पैर में पत्थर लगने से वह चोटिल हो गया। इस दौरान उसका आरटी सैट एवं बाइक में लगी एमडीटी गिरकर क्षतिग्रस्त हो गई।
पथराव के बाद पंतनगर, पुलभट्टा, गदरपुर एसओ के साथ ही किच्छा एसएचओ को मौके पर बुलाया गया। उन्होंने बताया कि भीड़ ने सरकारी की ओर से लगाए गए लॉकडाउन का उल्लंघन कर सामाजिक दूरी की धज्जियां उड़ाते हुए सरकारी कार्य में बाधा डाली थी। इस तहरीर पर पुलिस ने 150 अज्ञात उपद्रवियों पर धारा 147, 149, 186, 332, 353, 336, 427, 188, 269, 270 आईपीसी व 51 ख आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत केस दर्ज कर लिया है।
इधर, घायल दीपक ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि माथे पर चाबी मारने के बाद भी सीपीयू कर्मी का दिल नहीं पसीजा था। आरोपी ने उसके साथ गालीगलौज करने के साथ ही जातिसूचक शब्द कहकर अपमानित कर दिया। उसने किसी तरह भागकर उसने अपनी जान बचाई। सीओ अमित कुमार ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर अज्ञात सीपीयू कर्मी के खिलाफ धारा 323, 325, 504, 506 आईपीसी के साथ ही एससी, एसटी एक्ट में केस दर्ज किया गया है। उन्होंने बताया कि एसएसपी के आदेश के बाद मामले की जांच के लिए विवेचन नियुक्त किया जाएगा।
पुलिस और कोतवाली में पथराव करने वाले अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच सीओ बाजपुर दीपशिखा अग्रवाल और केस दर्ज होने के बाद विवेचना किच्छा एसएचओ उमेश मलिक को सौंपी गई है। मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ ही कार्रवाई की जाएगी। कानून को कोई अपने हाथ में नहीं ले सकता है। - दलीप सिंह कुंवर, एसएसपी।
प्रदेश में सीपीयू में पांच साल तैनात रहे 67 दरोगा और कांस्टेबल हटेंगे
रुद्रपुर। प्रदेश के चार मैदानी जिलों में यातायात व्यवस्था में सुधार का जिम्मा संभाले सीपीयू की विवादों की सूची बढ़ रही है। यातायात निदेशालय ने पांच साल सीपीयू में ड्यूटी कर चुके 67 पुलिसकर्मियों को मूल ड्यूटी में भेजने की कार्यवाही शुरू कर दी है। इनकी जगह नए कार्मिकों के लिए पीएसी और आईआरबी से जवानों के नाम मांगे गए हैं। सभी वाहिनियों से नाम आने के बाद साक्षात्कार के बाद कर्मियों को सीपीयू में तैनाती दी जाएगी।
दरअसल, देहरादून, हरिद्वार, नैनीताल और ऊधमसिंह नगर जिलों में वर्तमान में सीपीयू तैनात है। सीपीयू कर्मियों को लोगों का यातायात नियमों का पाठ पढ़ाने के साथ ही वाहनों के चालान और सीज की कार्रवाई भी करते हैं लेकिन सीपीयू कर्मियों की लोगों के साथ विवादों की सूची भी लंबी हो रही है। रुद्रपुर में कमोवेश हर साल एक बड़ा बखेड़ा सीपीयू कर्मियों की चेकिंग के दौरान खड़ा होता रहा है।
सीपीयू कर्मियों पर खराब बर्ताव करने के आरोप भी लगते रहते हैं। विवादों की स्थिति सिर्फ ऊधमसिंह नगर में ही नहीं बल्कि अन्य जिलों में भी है। इसकी एक वजह सीपीयू में कर्मियों के लंबे समय से यहां जमे रहना भी है। इसी के चलते यातायात निदेशालय ने पांच साल सीपीयू में कर्मियों को हटाने का फैसला किया है।
यातायात निदेशक केवल खुराना ने बताया कि सीपीयू में 67 दरोगा और कांस्टेबलों को पांच साल हो चुके हैं। अब इनकी जगह दूसरे कर्मियों को तैनात किया जाएगा। इसको लेकर कार्यवाही शुरू कर दी गई है। इसके लिए 40, 46, 31वीं वाहिनी पीएसी के साथ ही आईआरबी प्रथम और द्वितीय के सेनानायकों से सीपीयू में कार्य करने के इच्छुक कर्मियों के नाम मांगे गए हैं।
इन कार्मिकों की सेवा अवधि पांच साल से कम नहीं होनी चाहिए और सेवा अवधि में किसी प्रकार का दंड नहीं मिला होना चाहिए। सभी के नाम निदेशालय को मिलने के बाद साक्षात्कार के बाद चयनित कर्मियों को सीपीयू में तैनाती दी जाएगी।
यातायात निदेशक भी तलब करेंगे घटना की रिपोर्ट
रुद्रपुर। यातायात निदेशक केवल खुराना ने कहा है कि रुद्रपुर की घटना के संबंध में एसएसपी से रिपोर्ट मांगी जा रही है। यह घटना किन परिस्थितियों में घटी और कौन इसके दोषी है, इसको दिखवाया जाएगा। निदेशालय के स्तर से भी इस संबंध में आवश्यक कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। कहा कि यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है।
सीपीयू कर्मी की गलती मानते हैं लेकिन पथराव बर्दाश्त नहीं : आईजी
रुद्रपुर। आईजी कुमाऊं रेंज अजय रौतेला ने कहा कि बाइक चालक के माथे में चाबी घोंपना सीपीयू कर्मी की गलती हैं लेकिन पथराव करने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जनता को थाना, चौकी में अपनी बात रखने का अधिकार दिया गया है न कि पथराव करने का। उन्होंने एसएसपी को पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
मंगलवार को आईजी कुमाऊं रेंज अजय रौतेला ने पुलिस कार्यालय में पत्रकार वार्ता करते हुए कहा कि रुद्रपुर में सीपीयू कर्मी की ओर से माथे पर चाबी घोंपने की घटना ने सभी को हैरत में डाल दिया है। चाबी भूलवश माथे में लग सकती है, जानबूझकर कोई सीपीयू कर्मी ऐसी घटना नहीं कर सकता है। पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति का पता तो जांच के बाद ही चलेगा।
आईजी ने बताया कि घायल दीपक नाम के बाइक चालक का पुलिस ने इलाज करा दिया है। वहीं, पथराव करने वालों को चिन्हित किया जा रहा है। नाम सामने आते ही उन्हें नामजद किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सीपीयू कर्मियों की कार्रवाई संतोषजनक रही है। हजारों वाहनों का चालान कर लाखों रुपये का संयोजन शुल्क वसूला जा चुका है। लेकिन इस घटना से कहीं न कहीं सीपीयू कर्मियों पर सवाल उठना लाजमी है। पुलिस और जनता के बीच मित्रता के संबंध बने रहने चाहिए।
सीपीयू हटाने के लिए सीएम को ज्ञापन देगा व्यापार मंडल
रुद्रपुर। प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल ने युवक के माथे में चाबी घोंपने की घटना की निंदा की है। व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय जुनेजा ने बयान जारी कर कहा कि पूर्व में भी सीपीयू का अमानवीय चेहरा जनता के सामने आ चुका है। सीपीयू कर्मियों की कार्रवाई सेे आम जनता ही नहीं व्यापारी भी परेशान हैं। 30 जुलाई को सीएम के रुद्रपुर आने पर व्यापार मंडल के कार्यकर्ता सीएम को ज्ञापन देकर सीपीयू हटाने की मांग करेंगे। सीपीयू की मनमानी कार्रवाई से लोग बेहद परेशान हैं। संवाद
कांग्रेसियों ने जाना पीड़ित का हाल
रुद्रपुर। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रंपुरा निवासी दीपक कोली के साथ किए गए अमानवीय व्यवहार की कड़े शब्दों में निंदा की है। मंगलवार को पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तिलकराज बेहड़, महानगर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जगदीश तनेजा, पूर्व पालिकाध्यक्ष मीना शर्मा और अन्य कार्यकर्ता दीपक के घर पहुंचे।
उन्होंने परिजनों से मुलाकात कर हर संभव मदद का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि इस मामले में दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। वहां अनिल शर्मा, चुन्नी लाल कोली, बनारसी दास, नत्थू लाल कोली, गब्बर कोली, रवि कठेरिया, विजेंद्र कोली,,ओम प्रकाश, भगवान स्वरूप आदि थे। संवाद
सीपीयू कर्मियों को हफ्ते में तीन दिन पढ़ाया जाएगा नियमों का पाठ : एसएसपी
रुद्रपुर। वाहन चेकिंग के दौरान बाइक चालक के माथे में चाबी घोंपने के बाद एसएसपी ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने कहा है कि सीपीयू कर्मियों को चालान काटने के लिए सड़क पर उतारा गया है न कि बल का प्रयोग करने के लिए। बदतमीजी करने का अधिकार किसी सीपीयू कर्मियों को नहीं दिया गया है। उन्होंने बताया कि सीपीयू कर्मियों की लगातार लापरवाही की शिकायत मिल रही है। सप्ताह में तीन दिन उन्हें अब यातायात नियमों का पाठ पढ़ाया जाएगा। इसके साथ ही उन्हें चेकिंग के दौरान लोगों से अच्छा व्यवहार करने की नसीहत भी दी जाएगी।
मंगलवार को पुलिस कार्यालय में एसएसपी दलीप सिंह कुंवर ने पत्रकार वार्ता करते हुए बताया कि सोमवार की शाम चेकिंग के दौरान बाइक सवार के माथे में चाबी घोंपने की घटना बेहद गंभीर थी। चाबी माथे में कैसे घुसी इसका पता को जांच के बाद ही चलेगा। लापरवाही बरतने पर एक दरोगा समेत दो पुलिस कर्मियों को तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया था। देर रात आक्रोशित लोग कार्रवाई की बाद मान गए थे। उन्होंने बताया कि उपद्रव करने वाले अज्ञात लोगों और लापरवाह सीपीयू कर्मी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है।
किसी भी निर्दोष को मामले में नहीं फंसाया जाएगा। उन्होंने बताया कि सीपीयू के आने के बाद जिले की यातायात यातायात व्यवस्था पटरी पर आई है लेकिन अब तक दो बार ड्यूटी में लापरवाही भी उजागर हुई है। सीपीयू कर्मियों को सप्ताह में तीन दिन वह स्वयं ट्रेनिंग देंगे। इस दौरान बताया जाएगा कि चालान करने के दौरान क्या सावधानियां बरती जानी है। चालान के अलावा सीपीयू कर्मी किसी भी वाहन चालक पर बल का प्रयोग नहीं कर सकते हैं। उन्होंने लोगों से अपील कि है कि कानून को अपने हाथ में न लें। पुलिस पर विश्वास रखें आरोपी सीपीयू कर्मी कहीं का भी हो, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
इतना गुस्सा ठीक नहीं, लेकिन ये सच में डरावना सा लग रहा है...
रुद्रपुर। माथे पर घोंपी गई बाइक की चाबी के साथ घूमते युवक का सोशल मीडिया पर वीडियो खूब वायरल हो रहा है। वीडियो को शेयर करने के साथ ही लोग इस घटना को लेकर ट्वीटर, फेसबुक और व्हाट्सएप पर घटना पर नाराजगी जताते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। वे चेकिंग के दौरान पुलिस के रवैये में सुधार की भी वकालत कर रहे हैं। इसके अलावा रुद्रपुर के कई लोगों ने सोशल मीडिया के माध्यम से शहर से सीपीयू को हटाने की मांग की है।
सोमवार रात करीब आठ बजे इंदिरा चौक में चेकिंग के दौरान रंपुरा निवासी दीपक ने सीपीयू कर्मी पर उसके माथे में बाइक की चाबी घोंपने का आरोप लगाया था। घटना का पता चलने पर और दीपक की हालत देखकर आवेश में आए रंपुरा के लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया था। युवक के माथे पर चाबी घुपी वीडियो सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो गई।
इधर, इस मामले में एक दरोगा सहित तीन सीपीयू कर्मियों को सस्पेंड करने के साथ ही इनमें से एक सीपीयू कर्मी पर केस दर्ज हो चुका है। लेकिन सोशल मीडिया खासकर ट्वीटर में वीडियो अपलोड कर लोग नाराजगी जता रहे हैं। ट्वीटर पर प्रदीप चौरसिया कहते हैं कि सस्पेंशन नहीं उचित कार्रवाई कीजिए। अंकित भट्ट लिखते हैं कि क्या पुलिसकर्मियों को ऐसी ट्रेनिंग दी जा रही है कि वे मित्रता, सेवा और सुरक्षा का पालन कर सकें?
शोभित चंद्रा लिखते हैं कि कानून के दुरुपयोग के लिए सिर्फ निलंबन ही क्यों। अखिलेश तिवारी लिखते हैं कि ठीक है कार्रवाई हो गई, लेकिन ऐसा भी कोई करता है क्या। विश्वास रावत लिखते हैं कि इतना गुस्सा ठीक नहीं लेकिन ये सच में डरावना सा लग रहा है। ऊधमसिंह नगर पुलिस के ऑफिशियल फेसबुक पेज पर ललित जोशी लिखते हैं कि किसी की जान से खिलवाड़ करना गलत और शर्मनाक है।
हिमांशु कबडवाल लिखते हैं कि आदमी की जिंदगी की कीमत निलंबन हैं क्या? इसी तरह से सोशल मीडिया पर पुलिस के खिलाफ टिप्पणियों की भरमार है। हालांकि एसपी सिटी देवेंद्र पिंचा सहित अन्य पुलिस अधिकारी सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर लोगों को घटना में हुई कार्यवाही से भी अवगत करा रहे हैं।

ुद्रपुर में पत्रकार वार्ता करते आईजी अजय रौतेला।- फोटो : RUDRAPUR

रुद्रपुर में पत्रकार वार्ता करते एसएसपी दलीप सिंह कुंवर।- फोटो : RUDRAPUR

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